नई दिल्ली: जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में पूर्व छात्र उमर खालिद की किताब पर होने वाली चर्चा को लेकर विवाद सामने आया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने 10 अगस्त 2026 को प्रस्तावित कार्यक्रम के लिए स्कूल ऑफ सोशल साइंसेज (SSS) के SSS-1 ऑडिटोरियम की बुकिंग रद्द कर दी है।
उमर खालिद की किताब पर होनी थी चर्चा
प्रस्तावित कार्यक्रम में उमर खालिद की पुस्तक ‘Fractured Communities: Adivasi History and the Politics of Power’ पर चर्चा की जानी थी। कार्यक्रम 10 अगस्त को दोपहर 3 बजे से शाम 6 बजे तक आयोजित होना था। विश्वविद्यालय प्रशासन के मुताबिक, कार्यक्रम की अनुमति स्कूल ऑफ सोशल साइंसेज के डीन की ओर से दी गई थी।
JNU प्रशासन ने बताई बुकिंग रद्द करने की वजह
JNU प्रशासन का कहना है कि कार्यक्रम की जानकारी देते समय कुछ महत्वपूर्ण तथ्यों को पूरी तरह सामने नहीं रखा गया था। इसी आधार पर SSS-1 ऑडिटोरियम की बुकिंग रद्द करने का निर्णय लिया गया। विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया कि कार्यक्रम को रद्द करने की कार्रवाई स्कूल ऑफ सोशल साइंसेज के डीन की ओर से की गई है।
प्रोफेसर को भेजा गया पत्र
कार्यक्रम रद्द होने की जानकारी देने के लिए SSS के प्रोफेसर अविनाश कुमार को डीन की ओर से पत्र भेजा गया है। विश्वविद्यालय ने कहा कि JNU एक लोकतांत्रिक और विकेंद्रीकृत संस्थान है, जहां विभागीय स्तर पर कार्यक्रमों को लेकर निर्णय लिए जाते हैं।
उमर खालिद से जुड़ा मामला
उमर खालिद दिल्ली दंगों से जुड़े कथित बड़ी साजिश के मामले में जेल में बंद हैं। ऐसे में उनकी किताब पर प्रस्तावित चर्चा का कार्यक्रम रद्द किए जाने के बाद विश्वविद्यालय परिसर में इस मुद्दे को लेकर चर्चा तेज हो गई है।