नई दिल्ली। देश में दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार एक बार फिर बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं। मौसम विभाग के अनुसार, 23 जून के आसपास मानसून के छत्तीसगढ़ समेत मध्य भारत के अन्य हिस्सों में आगे बढ़ने की संभावना है। महाराष्ट्र, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड, बिहार और छत्तीसगढ़ के कुछ क्षेत्रों में मानसून को आगे बढ़ाने वाले जरूरी मौसम तंत्र सक्रिय हो गए हैं।
11 दिनों से तेलंगाना में रुका हुआ है मानसून
मानसून अब तक 15 दिनों के भीतर 19 राज्यों तक पहुंच चुका है, लेकिन 8 जून के बाद से इसकी प्रगति धीमी पड़ गई है। पिछले 11 दिनों से मानसून तेलंगाना के आसपास ही ठहरा हुआ है और आगे नहीं बढ़ पाया है। वहीं उत्तर प्रदेश और राजस्थान समेत आठ राज्यों में प्री-मानसून गतिविधियों के बावजूद तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना हुआ है, जिससे लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिल पा रही है।
बिहार में आकाशीय बिजली गिरने से पांच लोगों की मौत
बिहार के वैशाली जिले में आकाशीय बिजली गिरने की घटनाओं में पांच लोगों की मौत हो गई। इनमें तीन लोगों की जान वैशाली में गई, जबकि नवादा और जमुई जिलों में एक-एक व्यक्ति की मौत हुई। दूसरी ओर, नेपाल में लगातार हो रही भारी बारिश के चलते बिहार के किशनगंज जिले में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।
झारखंड में बिजली गिरने से आठ लोगों की गई जान
झारखंड में पिछले 24 घंटों के दौरान आकाशीय बिजली गिरने की अलग-अलग घटनाओं में आठ लोगों की मौत हो गई। मृतकों में दो महिलाएं और दो साल का एक मासूम बच्चा भी शामिल है। हजारीबाग जिले में सबसे अधिक तीन लोगों की जान गई। मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और खुले स्थानों में जाने से बचने की अपील की है।
मध्य भारत में सक्रिय हुआ मानसूनी सिस्टम
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार मध्य भारत में सक्रिय हुए नए मौसम तंत्र की वजह से आने वाले दिनों में मानसून की गति तेज हो सकती है। इसके प्रभाव से छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार और आसपास के क्षेत्रों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने के आसार हैं। मौसम विभाग ने कई राज्यों में गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की चेतावनी भी जारी की है।