नई दिल्ली - संसद के मकर द्वार पर बुधवार को कांग्रेस समेत INDIA गठबंधन के विपक्षी सांसदों ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शन में विपक्ष के नेता राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा सहित कई विपक्षी दलों के सांसद शामिल हुए। विपक्ष ने 20 जुलाई को CJP प्रदर्शनकारियों के खिलाफ हुई कथित पुलिस कार्रवाई, अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले में कथित अनियमितताओं और अन्य मुद्दों को लेकर सरकार को घेरा। प्रदर्शन के दौरान गृह मंत्री अमित शाह के इस्तीफे की भी मांग उठाई गई।
इथेनॉल और E20 पेट्रोल पर भी विपक्ष का हमला
समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव ने कहा कि इथेनॉल का मुद्दा भी बेहद गंभीर है। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी का हमेशा से स्पष्ट रुख रहा है कि देश और प्रदेश के लोगों से जुड़े हर महत्वपूर्ण मुद्दे को संसद और जनता के बीच उठाया जाएगा।
वहीं सपा सांसद डिंपल यादव ने कहा कि आस्था से जुड़े मुद्दों के साथ-साथ लोगों की आर्थिक परेशानियों को भी संसद में उठाया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि E20 पेट्रोल वाहनों के इंजन को नुकसान पहुंचा रहा है और इससे माइलेज भी कम हो रहा है।
सरकार से स्पष्ट गाइडलाइन की मांग
डिंपल यादव ने कहा कि सरकार ने अब तक E20, E30 जैसे ईंधनों के इस्तेमाल को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी नहीं किए हैं। उन्होंने मांग की कि वाहन निर्माता कंपनियां और सरकार साफ तौर पर बताए कि कौन-से वाहन किस तरह के ईंधन के लिए उपयुक्त हैं, क्योंकि यह करोड़ों वाहन मालिकों से जुड़ा महत्वपूर्ण विषय है।
संसद में जारी है टकराव
संसद के मौजूदा सत्र में विपक्ष लगातार विभिन्न मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार पर हमलावर है। पुलिस कार्रवाई, राम मंदिर से जुड़े मामले, इथेनॉल मिश्रित ईंधन और महंगाई जैसे मुद्दों पर विपक्ष ने सरकार से जवाब मांगा, जबकि सत्ता पक्ष इन आरोपों को राजनीतिक बताकर खारिज कर रहा है।