उत्तर प्रदेश: उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से निकलकर अमेरिका की राजनीति में अपनी पहचान बनाने वाली सबा हैदर ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। अमेरिका के इलिनोइस राज्य में हुए मिडटर्म चुनाव में उन्होंने शानदार जीत दर्ज की है। बुलंदशहर के औरंगाबाद कस्बे की मूल निवासी सबा ने 84वें डिस्ट्रिक्ट से स्टेट हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव का चुनाव करीब 70 फीसदी वोट हासिल कर जीत लिया। उनकी इस जीत से न सिर्फ अमेरिका में उनके समर्थकों के बीच खुशी है, बल्कि भारत में भी लोग इसे गर्व की उपलब्धि मान रहे हैं। आइए जानते हैं सबा हैदर की इस कामयाबी की पूरी कहानी।
70 फीसदी वोट हासिल कर प्रतिद्वंद्वी को दी शिकस्त
अमेरिका के इलिनोइस राज्य के 84वें डिस्ट्रिक्ट में स्टेट रिप्रेजेंटेटिव पद के लिए चुनाव हुआ था। इस चुनाव में डेमोक्रेटिक पार्टी की उम्मीदवार सबा हैदर का मुकाबला रिपब्लिकन पार्टी के ब्रायन स्कोपा से था। चुनाव के शुरुआती नतीजों में सबा को करीब 70.9 फीसदी वोट मिले। वहीं, उनके प्रतिद्वंद्वी ब्रायन स्कोपा को लगभग 29.1 फीसदी वोट ही हासिल हुए। दोनों उम्मीदवारों के बीच वोटों का अंतर काफी बड़ा रहा। इस शानदार जीत के साथ सबा ने इलिनोइस की राजनीति में अपनी मजबूत जगह बनाई है। उनकी इस सफलता को भारतीय मूल के लोगों के लिए भी एक खास उपलब्धि माना जा रहा है।
बुलंदशहर के छोटे से कस्बे से अमेरिका तक का सफर
सबा हैदर का जन्म उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर जिले के औरंगाबाद कस्बे से जुड़े परिवार में हुआ है। उनकी जड़ें आज भी अपने पैतृक क्षेत्र से जुड़ी हुई हैं। जानकारी के मुताबिक, वह पिछले करीब 20 वर्षों से अपने परिवार के साथ अमेरिका के इलिनोइस में रह रही हैं। विदेश में रहने के बावजूद उन्होंने स्थानीय लोगों के बीच अपनी अलग पहचान बनाई। सामाजिक गतिविधियों और जनसेवा के कामों में उनकी सक्रियता लगातार बनी रही। इसी जुड़ाव ने उन्हें अमेरिकी राजनीति में आगे बढ़ने का अवसर दिया। अब चुनावी जीत के बाद उनका नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आ गया है।
काउंटी बोर्ड की सदस्य रह चुकी हैं सबा हैदर
सबा हैदर के लिए अमेरिकी राजनीति में यह पहली बड़ी जिम्मेदारी नहीं है। इससे पहले भी वह स्थानीय स्तर पर राजनीतिक और सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय रही हैं। वह ड्यूपेज काउंटी बोर्ड की सदस्य के रूप में अपनी जिम्मेदारी निभा चुकी हैं। इस दौरान उन्हें स्थानीय प्रशासन और जनता से जुड़े मुद्दों पर काम करने का अनुभव मिला। जनप्रतिनिधि के तौर पर उनके इसी अनुभव ने राजनीतिक सफर को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई। अब 84वें डिस्ट्रिक्ट से स्टेट रिप्रेजेंटेटिव चुने जाने के बाद उनके राजनीतिक करियर में एक नया अध्याय जुड़ गया है। उनकी जीत को लंबे समय की मेहनत और जनसंपर्क का नतीजा माना जा रहा है।
बेटी की जीत से परिवार में खुशी का माहौल
सबा हैदर की जीत की खबर जैसे ही बुलंदशहर पहुंची, उनके परिवार और रिश्तेदारों में खुशी की लहर दौड़ गई। उनके पिता सैयद अली हैदर ने बेटी की इस कामयाबी पर खुशी जाहिर की। उन्होंने इसे सिर्फ परिवार के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए गर्व का विषय बताया। औरंगाबाद कस्बे में भी उनकी उपलब्धि को लेकर लोगों में उत्साह देखने को मिला। रिश्तेदारों और शुभचिंतकों की ओर से बधाइयां मिलने का सिलसिला शुरू हो गया। एक छोटे से कस्बे से जुड़ी बेटी का अमेरिका में जनप्रतिनिधि चुना जाना स्थानीय लोगों के लिए खास मायने रखता है। इस जीत ने पूरे परिवार को गर्व का मौका दिया है।
परिवार के साथ अमेरिका में रहती हैं सबा
सबा हैदर अपने परिवार के साथ अमेरिका के इलिनोइस में रहती हैं। उनके पति पेशे से सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं। परिवार में उनके एक बेटा और एक बेटी हैं, जबकि परिवार के अन्य सदस्य गाजियाबाद में रहते हैं। विदेश में रहते हुए भी सबा ने सामाजिक सरोकारों और सार्वजनिक जीवन से अपना जुड़ाव बनाए रखा। यही वजह है कि स्थानीय राजनीति में उन्हें लोगों का समर्थन मिला। अब स्टेट हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव के लिए चुने जाने के बाद उनकी जिम्मेदारियां और बढ़ गई हैं। उनकी यह उपलब्धि उन युवाओं और महिलाओं के लिए प्रेरणा बन सकती है, जो छोटे शहरों से निकलकर बड़े मंच पर अपनी पहचान बनाना चाहते हैं।