लखनऊ - उत्तर प्रदेश में सरकारी नौकरी का इंतजार कर रहे युवाओं के लिए रविवार का दिन खास रहा। लखनऊ के लोकभवन में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड की सीधी भर्ती-2023 के तहत चयनित 912 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र वितरित किए। इन नियुक्तियों के बाद चयनित युवा उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में अपनी जिम्मेदारियां संभालेंगे।
तीन पदों पर हुआ अभ्यर्थियों का चयन
नियुक्ति पत्र पाने वाले 912 अभ्यर्थियों का चयन पुलिस विभाग के तीन अलग-अलग पदों पर हुआ है। इनमें पुलिस उपनिरीक्षक (गोपनीय), पुलिस सहायक उपनिरीक्षक (लिपिक) और पुलिस सहायक उपनिरीक्षक (लेखा) के पद शामिल हैं। चयन प्रक्रिया उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड के माध्यम से पूरी की गई। नियुक्ति मिलने के बाद चयनित अभ्यर्थी पुलिस विभाग में गोपनीय, प्रशासनिक, लिपिकीय और लेखा संबंधी जिम्मेदारियां संभालेंगे।
9.30 लाख से ज्यादा युवाओं को नौकरी का दावा
राज्य सरकार के मुताबिक, उत्तर प्रदेश में अब तक 9.30 लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी दी जा चुकी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सरकारी भर्ती प्रक्रिया को आगे जारी रखने की बात कही है। 19 सितंबर को भी लखनऊ के लोकभवन में आयोजित एक कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के 818 चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र दिए गए थे। इनमें स्वास्थ्य, आयुष, कौशल विकास और अन्य विभागों से जुड़े पद शामिल थे।
अगले छह महीने में 1 लाख से ज्यादा नौकरियों का लक्ष्य
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि अगले छह महीनों में एक लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी देने की प्रक्रिया जारी रहेगी। उन्होंने बताया कि आने वाले समय में पुलिस विभाग में भी बड़ी संख्या में नियुक्तियां की जाएंगी। सरकार के अनुसार, यूपी पुलिस में 36 हजार नियुक्तियों की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है, जबकि होमगार्ड के करीब 41-42 हजार पदों पर भी नियुक्तियां प्रस्तावित हैं।
इस तरह लगातार नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रमों के जरिए सरकार सरकारी भर्ती और रोजगार के आंकड़ों को आगे बढ़ाने पर जोर दे रही है। 912 नए पुलिसकर्मियों की नियुक्ति भी इसी अभियान का हिस्सा है।