लखनऊ - उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए विपक्ष की राजनीति पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस देश के ज्यादातर हिस्सों में अपना राजनीतिक आधार बचाने की लड़ाई लड़ रही है। पाठक की यह टिप्पणी ‘वोट चोरी’ के आरोपों और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की ओर से राहुल गांधी को रायबरेली सीट को लेकर दी गई चुनौती के संदर्भ में आई है।
रायबरेली सीट को लेकर राजनाथ सिंह की चुनौती
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी से सवाल किया था कि क्या वह समाजवादी पार्टी के समर्थन के बिना रायबरेली लोकसभा सीट जीत सकते हैं। इसी बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए ब्रजेश पाठक ने कहा कि कांग्रेस को उत्तर प्रदेश में अपनी राजनीतिक स्थिति का एहसास है और राज्य में उसका आधार कमजोर है।
उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस उत्तर प्रदेश ही नहीं, बल्कि देश के कई हिस्सों में अपने राजनीतिक अस्तित्व को बचाने के लिए संघर्ष कर रही है। पाठक ने कांग्रेस पर मुस्लिम तुष्टीकरण की राजनीति करने का आरोप भी लगाया। ये टिप्पणियां उपमुख्यमंत्री के राजनीतिक बयान का हिस्सा हैं।
विरोध-प्रदर्शनों को लेकर भी साधा निशाना
ब्रजेश पाठक ने विपक्ष के विरोध-प्रदर्शनों पर टिप्पणी करते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस देश-विरोधी तत्वों के साथ मिलकर प्रदर्शन कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार और विपक्ष के बीच राजनीतिक मतभेदों के बावजूद देश में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखना जरूरी है। पाठक ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की प्रशंसा करते हुए कहा कि भारत ने वैश्विक चुनौतियों के बीच अपनी अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाए रखा है। उन्होंने कांग्रेस की पूर्ववर्ती सरकारों की आर्थिक नीतियों की भी आलोचना की और आरोप लगाया कि उनसे देश को नुकसान पहुंचा।
आपातकाल का जिक्र कर कांग्रेस को घेरा
उपमुख्यमंत्री ने वर्ष 1975 में लगाए गए आपातकाल का उल्लेख करते हुए कांग्रेस पर संवैधानिक मूल्यों के उल्लंघन का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि आपातकाल की घटनाओं को देश आज भी याद करता है।
पाठक ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत अपनी आर्थिक नीतियों को स्वतंत्र रूप से तय कर रहा है। उन्होंने वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती देने के लिए केंद्र सरकार की सराहना की।
अखिलेश यादव पर भी किया पलटवार
ब्रजेश पाठक ने समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अखिलेश को पहले अपनी पार्टी की स्थिति पर ध्यान देना चाहिए। सपा को एक परिवार तक सीमित बताते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी के भीतर ही मतभेद हैं।
यह बयान ऐसे समय आया है, जब उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची के पुनरीक्षण, ‘वोट चोरी’ के आरोपों और विपक्षी दलों की रणनीति को लेकर राजनीतिक बयानबाजी जारी है। जहां भाजपा नेता विपक्ष पर सवाल उठा रहे हैं, वहीं कांग्रेस और सपा चुनावी प्रक्रिया को लेकर अपनी आपत्तियां सामने रख रहे हैं।
उत्तर प्रदेश की राजनीति में बढ़ी बयानबाजी
रायबरेली सीट को लेकर राजनाथ सिंह की चुनौती और उस पर ब्रजेश पाठक की प्रतिक्रिया ने भाजपा, कांग्रेस और सपा के बीच राजनीतिक बहस को और तेज कर दिया है। हालांकि, नेताओं के आरोपों और दावों का आकलन संबंधित तथ्यों तथा आधिकारिक रिकॉर्ड के आधार पर किया जाना चाहिए।