लखनऊ। उत्तरप्रदेश में डिजिटल कनेक्टिविटी को नई रफ्तार देने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार को महत्वाकांक्षी ‘प्रोजेक्ट गंगा’ का शुभारंभ करेंगे। इस परियोजना के माध्यम से राज्य के 20 लाख से अधिक घरों तक हाई-स्पीड इंटरनेट सुविधा पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।
ग्रामीण क्षेत्रों को मिलेगा डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर का लाभ
योगी सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना का उद्देश्य गांवों और छोटे शहरों को आधुनिक डिजिटल नेटवर्क से जोड़ना है, ताकि वे भी डिजिटल अर्थव्यवस्था और नई तकनीकों का लाभ उठा सकें। परियोजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में मजबूत डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित किया जाएगा।
हजारों युवाओं को मिलेगा रोजगार
प्रोजेक्ट गंगा के अंतर्गत न्याय पंचायत स्तर पर 8 से 10 हजार युवाओं को डिजिटल सेवा प्रदाता के रूप में तैयार किया जाएगा। इनमें करीब 50 प्रतिशत महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अलावा परियोजना से प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से एक लाख से अधिक रोजगार के अवसर सृजित होने की संभावना है।
एमओयू के बाद शुरू हो रहा बड़ा डिजिटल अभियान
इस परियोजना के लिए राज्य परिवर्तन आयोग और हिंदुजा समूह की सहयोगी कंपनी वनओटीटी एंटरटेनमेंट लिमिटेड के बीच 9 मार्च को समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए थे। इसके बाद अब योजना को धरातल पर उतारा जा रहा है।
घर-घर पहुंचेगी डिजिटल सेवाएं
प्रोजेक्ट गंगा के तहत हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड इंटरनेट, सार्वजनिक वाई-फाई, IPTV और OTT सेवाओं की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही सीसीटीवी आधारित सुरक्षा प्रणाली, साइबर सिक्योरिटी सेवाएं और विभिन्न संस्थानों की डिजिटल कनेक्टिविटी को भी मजबूत किया जाएगा।
युवाओं को मिलेगा डिजिटल स्किल और रोजगार का अवसर
योजना का एक प्रमुख उद्देश्य ग्रामीण युवाओं को डिजिटल रोजगार से जोड़ना है। इसके तहत फ्रीलांसिंग, रिमोट वर्क, ऑनलाइन व्यावसायिक प्रशिक्षण, डिजिटल लाइब्रेरी और अन्य तकनीकी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इससे युवाओं को अपने गांव में रहकर ही रोजगार और कौशल विकास के नए अवसर मिल सकेंगे।
‘कनेक्टेड गांव, समृद्ध यूपी’ विजन को मिलेगी मजबूती
राज्य सरकार का मानना है कि डिजिटल कनेक्टिविटी भविष्य की अर्थव्यवस्था का मजबूत आधार है। ऐसे में प्रोजेक्ट गंगा ‘कनेक्टेड गांव, समृद्ध यूपी’ के विजन को साकार करने की दिशा में अहम भूमिका निभाएगा। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल सेवाओं का विस्तार होने के साथ प्रदेश की डिजिटल अर्थव्यवस्था को भी नई गति मिलेगी।