चंपावत : जिले के प्राचीन बालेश्वर मंदिर में चल रहे सात दिवसीय मां नंदा-सुनंदा महोत्सव के तहत भव्य डोला यात्रा निकाली गई। डोला यात्रा में श्रद्धालु मां नंदा-सुनंदा के भक्ति गीतों पर झूमते-गाते नजर आए। पूरे नगर में मां नंदा-सुनंदा के जयकारों से माहौल भक्तिमय बना रहा। डोला यात्रा में सैकड़ों श्रद्धालुओं ने उत्साह के साथ भाग लिया।
पूजा-अर्चना के बाद प्राचीन बालेश्वर मंदिर से मां नंदा-सुनंदा की भव्य रथ यात्रा शुरू हुई। यात्रा तल्लीहाट भैरवा मादली जीआईसी चौक शांत बाजार मोटर स्टेशन ज्ञालीसेरान नागनाथ मंदिर और मल्लीहाट होते हुए वापस बालेश्वर मंदिर पहुंची। इस दौरान श्रद्धालु डोले के आगे-पीछे चलते हुए मां के जयकारे लगाते रहे।
महिलाओं ने पुष्प और अक्षत चढ़ाकर लिया आशीर्वाद
मुख्य मोटर स्टेशन पर महिलाओं ने मां नंदा-सुनंदा की मूर्तियों पर पुष्प और अक्षत अर्पित किए। महिलाओं ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर मां से परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। डोला यात्रा में महिलाओं का विशेष उत्साह देखने को मिला। महिलाएं नाचते-गाते और जयकारे लगाते हुए मां नंदा-सुनंदा के डोले के साथ चलती नजर आईं।
हर आयु वर्ग के श्रद्धालुओं ने लिया हिस्सा
डोला यात्रा में हर आयु वर्ग के श्रद्धालुओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। बड़ी संख्या में लोग मां नंदा-सुनंदा का आशीर्वाद लेने के लिए यात्रा में शामिल हुए। भक्ति गीतों और जयकारों के बीच नगर का वातावरण पूरी तरह भक्तिमय नजर आया। बालेश्वर मंदिर से शुरू हुई यात्रा नगर के विभिन्न मार्गों से होकर गुजरी।
महोत्सव का समापन
महोत्सव समिति के अध्यक्ष विजय वर्मा ने बताया कि सात दिवसीय मां नंदा-सुनंदा महोत्सव का विशाल भंडारे के साथ समापन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि महोत्सव के दौरान आयोजित धार्मिक कार्यक्रमों में श्रद्धालुओं ने उत्साह के साथ भाग लिया।
डोला यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं ने मां नंदा-सुनंदा के दर्शन कर आशीर्वाद लिया और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की। यात्रा के दौरान नगर में जगह-जगह श्रद्धालुओं की भीड़ दिखाई दी और वातावरण मां नंदा-सुनंदा के जयकारों से गूंजता रहा।