देहरादून: नीट-यूजी पुनर्परीक्षा में शामिल होने वाले छात्रों के लिए उत्तराखंड सरकार ने बड़ी सुविधा का ऐलान किया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर राज्य के अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में किसी प्रकार की आर्थिक परेशानी न हो, इसके लिए उत्तराखंड परिवहन निगम की साधारण श्रेणी की बसों में निशुल्क यात्रा की व्यवस्था की गई है। इस फैसले से हजारों छात्रों और उनके परिवारों को राहत मिलने की उम्मीद है।
एडमिट कार्ड दिखाकर कर सकेंगे मुफ्त यात्रा
सरकार के निर्णय के अनुसार, नीट-यूजी री-एग्जाम में शामिल होने वाले अभ्यर्थी रोडवेज की साधारण बसों में बिना किराया दिए यात्रा कर सकेंगे। इसके लिए छात्रों को केवल अपना वैध एडमिट कार्ड दिखाना होगा। एडमिट कार्ड ही यात्रा के लिए टिकट के रूप में मान्य होगा, जिससे छात्रों को अतिरिक्त प्रक्रिया से नहीं गुजरना पड़ेगा।
परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में मिलेगी मदद
कई अभ्यर्थियों को अपने गृह जनपद से दूसरे शहरों में स्थित परीक्षा केंद्रों तक पहुंचना पड़ता है। ऐसे में यात्रा खर्च कई परिवारों के लिए अतिरिक्त बोझ बन जाता है। सरकार का मानना है कि मुफ्त बस यात्रा की सुविधा से छात्रों को परीक्षा केंद्र तक समय पर और आसानी से पहुंचने में मदद मिलेगी।
मुख्यमंत्री धामी का छात्रों के हित में फैसला
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार विद्यार्थियों के हितों के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि परीक्षा के दौरान छात्रों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो और परिवहन व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित की जाए। सरकार का उद्देश्य छात्रों को तनावमुक्त माहौल उपलब्ध कराना है।
रोडवेज अधिकारियों को दिए गए निर्देश
उत्तराखंड परिवहन निगम को इस संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। बस परिचालकों और अधिकारियों को कहा गया है कि एडमिट कार्ड दिखाने वाले पात्र अभ्यर्थियों को निशुल्क यात्रा की सुविधा दी जाए और किसी प्रकार की परेशानी न होने दी जाए।
छात्रों और अभिभावकों ने जताई खुशी
सरकार के इस फैसले का छात्रों और अभिभावकों ने स्वागत किया है। उनका कहना है कि परीक्षा के समय यात्रा खर्च और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर चिंता रहती है, ऐसे में मुफ्त बस सेवा का निर्णय काफी राहत देने वाला है।
शिक्षा और सुविधा दोनों पर फोकस
राज्य सरकार लगातार प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होने वाले छात्रों के लिए सुविधाएं बढ़ाने पर जोर दे रही है। मुफ्त यात्रा की यह पहल भी उसी दिशा में उठाया गया कदम माना जा रहा है, जिससे छात्रों को बेहतर अवसर और सहयोग मिल सके।