उत्तराखंड के पहाड़ी क्षेत्रों में कई गांव सड़क सुविधा से वंचित हैं जिसके चलते ग्रामीणों को बुनियादी सुविधाओं के लिए अक्सर जूझना पड़ता है तस्वीरें थराली विधानसभा के देवाल विकासखंड के दूरस्थ गांव पिनाऊ की हैं जहां गांव में सड़क न होने के कारण ग्रामीणों को बीमार मरीज को स्टेचर के सहारे कई किलोमीटर पैदल चलकर अस्पताल पहुंचाना पड़ा।
स्वर्गीय शेर सिंह दानू का गांव
गांव के पूर्व सैनिक 65 वर्षीय केसर सिंह की अचानक तबीयत बिगड़ने पर ग्रामीणों ने खुद के संसाधनों से स्टेचर तैयार किया और कठिन पहाड़ी रास्तों से मरीज को अस्पताल तक पहुंचाया। यह गांव उत्तर प्रदेश के समय में जनसंघ से विधायक रहे स्वर्गीय शेर सिंह दानू का गांव है लेकिन आज भी यहां सड़क सुविधा नहीं पहुंच पाई है। ग्राम प्रधान लखपत दानू ने बताया कि धुरा-धारकोट-बांक -पिनाऊ मोटर मार्ग की फाइल पिछले 10 वर्षों से शासन स्तर पर लंबित है। ग्रामीण लगातार सड़क निर्माण की मांग कर रहे हैं लेकिन अब तक कार्य शुरू नहीं हो पाया है। ग्रामीणों का कहना है कि चुनाव के समय जनप्रतिनिधि गांव तक पहुंचते हैं लेकिन चुनाव जीतने के बाद क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं को भुला दिया जाता है। सड़क सुविधा न होने से ग्रामीणों को स्वास्थ्य शिक्षा और रोजमर्रा की जरूरतों के लिए भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।