उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुजफ्फरनगर को उत्तराखंड आंदोलन के इतिहास से गहराई से जुड़ा स्थान बताया। उन्होंने कहा कि रामपुर तिराहा की घटना प्रदेश की राज्य स्थापना की सोच और उस समय के बलिदानों की याद दिलाती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब भी वे वहां से गुजरते हैं तो आंदोलनकारियों और शहीदों को नमन करते हैं। इसके अलावा उन्होंने बताया कि हर वर्ष दो अक्टूबर को श्रद्धांजलि सभा के माध्यम से उन सभी बलिदानियों का स्मरण किया जाता है।
चारधाम यात्रा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता
मुख्यमंत्री ने चारधाम यात्रा को लेकर भी महत्वपूर्ण बातें कही। उन्होंने कहा कि यात्रियों और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। चारधाम यात्रा का स्वरूप लगातार विस्तृत हो रहा है, इसलिए सुरक्षा और व्यवस्थाओं को और मजबूत किया जा रहा है ताकि किसी भी यात्री को कोई परेशानी या कठिनाई न हो और सभी की यात्रा सुरक्षित व सुगम बने। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि मोबाइल पर प्रतिबंध जैसे निर्णय इसी उद्देश्य से लिए गए हैं। भूमि विवाद से संबंधित सवाल पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सरकार अपने स्तर से सभी आवश्यक कार्य कर रही है और यह विषय राजनीति का नहीं है। इसे आपसी समझ और संवेदनशीलता के साथ जल्द समाप्त किया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री ने इन बातों के माध्यम से यह संदेश दिया कि राज्य सरकार इतिहास का सम्मान करने के साथ-साथ नागरिकों और श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है।
Comments (0)