मुर्शिदाबाद: पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद के कर्णसुबर्ण-गोविंदपुर रेलवे लेवल क्रॉसिंग पर हुए दर्दनाक ट्रेन हादसे के बाद पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने घटना को महज दुर्घटना मानने से इनकार कर दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यह "ह्यूमन एरर" का मामला है और गेटमैन की लापरवाही के कारण मासूमों की जान गई।
हादसे में पांच लोगों की मौत, चार मासूम शामिल
शुक्रवार सुबह स्कूल जा रही एक वैन रेलवे फाटक पार कर रही थी। इसी दौरान तेज रफ्तार निमतिता-कटवा लोकल ट्रेन ने वैन को टक्कर मार दी। हादसे में चार स्कूली बच्चों और एक राहगीर की मौत हो गई, जबकि वैन चालक और दो अन्य बच्चे गंभीर रूप से घायल हैं और उनका इलाज जारी है।
मुख्यमंत्री का बड़ा बयान- 'यह दुर्घटना नहीं, मानवीय भूल'
बांकुड़ा में एक कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि गेटमैन ने समय से पहले रेलवे फाटक खोल दिया, जिसकी वजह से यह हादसा हुआ। उन्होंने कहा कि "गेटमैन ने जो किया, वह अक्षम्य अपराध है।" साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि प्रारंभिक जांच में यह मामला मानवीय भूल का प्रतीत हो रहा है।
गेटमैन गिरफ्तार, नशे की भी होगी जांच
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रारंभिक जांच रिपोर्ट मिलने के बाद उन्होंने मुर्शिदाबाद के पुलिस अधीक्षक को गेटमैन की तत्काल गिरफ्तारी के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह भी जांच की जाएगी कि हादसे के समय गेटमैन किसी नशे के प्रभाव में था या नहीं।
हाई लेवल जांच शुरू, मौके पर पहुंची रेलवे टीम
घटना की गंभीरता को देखते हुए एडीआरएम के नेतृत्व में 10 सदस्यीय उच्चस्तरीय जांच दल घटनास्थल पर पहुंच चुका है। रेलवे और प्रशासन संयुक्त रूप से हादसे के हर पहलू की जांच कर रहे हैं ताकि जिम्मेदारी तय की जा सके।
मृतकों के परिजनों को 10 लाख रुपये का मुआवजा
पूर्व रेलवे ने हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक व्यक्ति के परिजनों को 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। वहीं राज्य सरकार ने भी मृतकों और घायलों के परिवारों को हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया है।
ओवरब्रिज की मांग फिर हुई तेज
इस हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने एक बार फिर रेलवे ओवरब्रिज बनाने की मांग उठाई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार रेलवे की परियोजनाओं के लिए लगातार भूमि उपलब्ध करा रही है और इस इलाके में भी स्थायी समाधान के लिए प्रयास किए जाएंगे।