पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण के मतदान को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष बनाने के लिए चुनाव आयोग ने सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी है। बैरकपुर में आयोजित समीक्षा बैठक में राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी मनोज अग्रवाल ने साफ कहा कि पहले चरण की तुलना में इस बार अधिक केंद्रीय सुरक्षा बल तैनात किए जाएंगे, ताकि मतदाता बिना किसी डर के अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें।
बैरकपुर में हुई अहम समीक्षा बैठक
शनिवार को बैरकपुर में राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी मनोज अग्रवाल की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में उत्तर 24 परगना जिले के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों के उम्मीदवारों, उनके प्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने हिस्सा लिया। जिला अधिकारी शिल्पा गौरिसारिया, एसडीओ और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी इस दौरान मौजूद रहे।
पहले चरण से ज्यादा केंद्रीय बल होंगे तैनात
मुख्य चुनाव अधिकारी ने बताया कि चुनाव आयोग का लक्ष्य दूसरे चरण के मतदान को पूरी तरह शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और हिंसामुक्त बनाना है। इसके लिए पहले चरण की तुलना में अधिक केंद्रीय सुरक्षा बल तैनात किए जाएंगे। संवेदनशील इलाकों में विशेष निगरानी रखी जाएगी और हर मतदान केंद्र पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जाएगी।
बाहरी लोगों की आवाजाही पर सख्ती
चुनाव आयोग ने मतदान क्षेत्रों में बाहरी लोगों की आवाजाही पर भी सख्ती बरतने का फैसला लिया है। मतदान से 48 घंटे पहले बाहरी व्यक्तियों के ठहरने पर रोक लगाने के लिए विशेष व्यवस्था की जा रही है। प्रशासन का मानना है कि इस कदम से हिंसा और अव्यवस्था की संभावना कम होगी और मतदाता सुरक्षित माहौल में मतदान कर सकेंगे।
पहले चरण में रिकॉर्ड मतदान, दूसरे चरण से भी उम्मीद
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में पहले चरण का मतदान 23 अप्रैल को संपन्न हुआ था, जिसमें रिकॉर्ड संख्या में मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। चुनाव आयोग को उम्मीद है कि दूसरे चरण में भी बड़ी संख्या में मतदाता मतदान केंद्रों तक पहुंचेंगे और लोकतंत्र के इस महापर्व में अपनी भागीदारी निभाएंगे।