हावड़ा/कोलकाता: पश्चिम बंगाल के हावड़ा जिले में पूर्व सत्ताधारी दल के नेताओं पर पुलिस का शिकंजा लगातार कड़ा होता जा रहा है। हावड़ा सिटी पुलिस ने जबरन वसूली (तोलाबाजी) और डराने-धमकाने के कई मामलों में वांछित चल रहे हावड़ा सदर के पूर्व INTTUC (तृणमूल कांग्रेस की श्रमिक शाखा) अध्यक्ष अरविंद दास उर्फ 'तब्बू' को गिरफ्तार कर लिया है। इसके साथ ही, एक अन्य बड़ी कार्रवाई में कोलकाता के 104 नंबर वार्ड के पूर्व टीएमसी पार्षद तारकेश्वर चक्रवर्ती को भी छेड़छाड़, चोरी और रंगदारी के गंभीर आरोपों में दबोचा गया है।
सिलीगुड़ी में रिश्तेदार के घर छिपा था 'तब्बू'
हावड़ा सिटी पुलिस के सूत्रों के अनुसार, अरविंद दास उर्फ तब्बू के खिलाफ हावड़ा स्टेशन इलाके में व्यापारियों और प्रमोटरों से जबरन वसूली (Extortion) करने की कई शिकायतें दर्ज थीं। 4 मई को राज्य विधानसभा चुनाव के नतीजे घोषित होने के बाद से ही वह लगातार फरार चल रहा था।
गोपनीय सूचना के आधार पर हावड़ा के गोलाबाड़ी थाने की पुलिस टीम ने उत्तर बंगाल के सिलीगुड़ी में छापेमारी की, जहां वह अपने एक रिश्तेदार के घर में छिपा हुआ था। पुलिस ने उसे शनिवार रात गिरफ्तार कर रविवार को हावड़ा कोर्ट में पेश किया। अरविंद दास को उत्तर हावड़ा के पूर्व टीएमसी विधायक गौतम चौधरी और INTTUC के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष व वर्तमान विपक्षी नेता ऋतब्रत बनर्जी का बेहद करीबी माना जाता है। हालांकि, इस गिरफ्तारी पर पार्टी की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।
पूर्व पार्षद तारकेश्वर पर महिला से बदसलूकी और गहने चुराने का आरोप
दूसरी ओर, केवल तोलाबाजी ही नहीं, बल्कि एक महिला के साथ दुर्व्यवहार और चोरी के बेहद संगीन मामले में 104 नंबर वार्ड के पूर्व टीएमसी पार्षद और 11 नंबर बोरो के पूर्व चेयरमैन तारकेश्वर चक्रवर्ती (65) को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
क्या है मामला? शिकायत के मुताबिक, साल 2015 के निकाय चुनाव के बाद तारकेश्वर चक्रवर्ती ने कथित तौर पर एक स्थानीय भाजपा कार्यकर्ता के घर में घुसकर उसकी पत्नी के साथ अश्लील हरकत की, मारपीट की और सोने के गहने चुरा लिए थे। पीड़ित परिवार ने डर और धमकियों के कारण इतने सालों तक शिकायत दर्ज कराने की हिम्मत नहीं दिखाई थी। आखिरकार 23 जून को सर्वे पार्क थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई गई। इसके साथ ही एक प्रमोटर ने भी उन पर लाखों रुपये की रंगदारी वसूलने का केस दर्ज कराया।
इन दोनों मामलों के आधार पर पुलिस ने शनिवार को तारकेश्वर चक्रवर्ती को गिरफ्तार कर लिया। रविवार को अलीपुर अदालत में पेश किए जाने के बाद न्यायाधीश ने आरोपी पूर्व पार्षद को 7 जुलाई तक पुलिस हिरासत (Police Custody) में भेजने का निर्देश दिया है।