नई दिल्ली - एविएशन टर्बाइन फ्यूल यानी ATF की कीमतों में भारी उछाल के बाद देश की प्रमुख एयरलाइंस जैसे Air India, IndiGo और SpiceJet पर दबाव बढ़ गया है। एयरलाइंस संगठनों ने सरकार से तत्काल राहत की मांग की है और चेतावनी दी है कि स्थिति नहीं सुधरी तो उड़ानों पर असर पड़ सकता है।
ATF की कीमतों में भारी उछाल
एयरलाइंस के संगठन Federation of Indian Airlines (FIA) के अनुसार, वेस्ट एशिया में जारी तनाव के कारण ब्रेंट क्रूड की कीमतों में तेजी आई है। इसका सीधा असर ATF पर पड़ा है, जिसकी कीमतों में कई गुना तक वृद्धि दर्ज की गई है, जिससे एयरलाइंस की लागत में बड़ा इजाफा हुआ है।
इंटरनेशनल फ्लाइट्स घाटे में
एयरलाइंस का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय उड़ानें पूरी तरह घाटे में चली गई हैं। पहले जहां ATF कुल लागत का 30 से 40 फीसदी होता था, अब यह बढ़कर 55 से 60 फीसदी तक पहुंच गया है। इसके साथ ही रुपये की कमजोरी ने एयरलाइंस की परेशानी और बढ़ा दी है।
सरकार से तीन बड़ी मांगें
FIA ने सरकार के सामने राहत के लिए तीन अहम मांगें रखी हैं। इसमें क्रैक स्प्रेड मैकेनिज्म को फिर से लागू करना, घरेलू उड़ानों पर ATF की एक्साइज ड्यूटी हटाना और प्रमुख राज्यों में VAT कम करना शामिल है, ताकि एयरलाइंस को राहत मिल सके और ऑपरेशंस प्रभावित न हों।
फ्लाइट्स पर पड़ सकता है असर
एयरलाइंस ने साफ कहा है कि अगर जल्द राहत नहीं मिली तो उन्हें मजबूरन फ्लाइट्स रद्द करनी पड़ सकती हैं या कुछ विमानों को ग्राउंड करना पड़ सकता है। इससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है और हवाई यात्रा महंगी भी हो सकती है।