नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट (NEET) री-एग्जाम 2026 से पहले नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने परीक्षा प्रक्रिया में कई अहम बदलावों की घोषणा की है। एजेंसी का कहना है कि ये बदलाव छात्रों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए किए गए हैं, जिससे परीक्षा को अधिक उम्मीदवार-अनुकूल बनाया जा सके। नए बदलावों के तहत परीक्षा की उत्तर पुस्तिका (कॉपी) के लेआउट में संशोधन किया गया है और रफवर्क के लिए अतिरिक्त पेज उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके साथ ही परीक्षा की कुल अवधि भी बढ़ा दी गई है।
रफवर्क के लिए अब मिलेंगे 4 पेज
NTA ने अभ्यर्थियों की लंबे समय से चली आ रही मांग को ध्यान में रखते हुए रफवर्क के लिए उपलब्ध पेजों की संख्या बढ़ा दी है। पहले उम्मीदवारों को रफवर्क के लिए केवल 2 पेज मिलते थे, जबकि अब उन्हें कुल 4 पेज दिए जाएंगे।
नई व्यवस्था के तहत:
- 2 रफवर्क पेज प्रश्न पत्र की शुरुआत में निर्देश पृष्ठ के तुरंत बाद होंगे।
- 2 रफवर्क पेज प्रश्न पत्र के अंत में उपलब्ध रहेंगे।
एजेंसी के अनुसार, यह बदलाव विशेष रूप से उन छात्रों के लिए फायदेमंद होगा जो बाएं हाथ से लिखते हैं और पुराने लेआउट में असुविधा महसूस करते थे।
उत्तर पुस्तिका का लेआउट भी बदला
NTA ने बताया कि छात्रों से मिले फीडबैक के आधार पर प्रश्न पत्र और उत्तर पुस्तिका के डिजाइन में बदलाव किया गया है। अब अंग्रेजी और क्षेत्रीय भाषाओं के दोनों संस्करणों में नया लेआउट लागू किया जाएगा। इससे अभ्यर्थी अपनी सुविधा के अनुसार किसी भी रफवर्क पेज का उपयोग कर सकेंगे और परीक्षा के दौरान उन्हें अधिक सहज अनुभव मिलेगा।
परीक्षा के लिए मिलेगा 195 मिनट का समय
NEET री-एग्जाम 2026 में सबसे बड़ा बदलाव परीक्षा अवधि को लेकर किया गया है। अब उम्मीदवारों को प्रश्न पत्र हल करने के लिए कुल 195 मिनट का समय मिलेगा। पहले की तुलना में 15 मिनट अतिरिक्त समय दिया गया है। NTA के अनुसार यह निर्णय छात्रों से प्राप्त सुझावों और अनुभवों के आधार पर लिया गया है।
परीक्षा का समय:
- दोपहर 2:00 बजे से शुरू
- शाम 5:15 बजे तक समाप्त
NTA ने स्पष्ट किया है कि अतिरिक्त समय में उपस्थिति पत्र पर हस्ताक्षर, सत्यापन और अन्य आवश्यक औपचारिकताओं के लिए लगने वाला समय भी शामिल है।
पेपर लीक के बाद दोबारा हो रही परीक्षा
गौरतलब है कि NEET UG 2026 का आयोजन 3 मई को किया गया था। इसके बाद 6 मई को प्रोविजनल आंसर-की जारी की गई थी। हालांकि इसी दौरान पेपर लीक का मामला सामने आने के बाद परीक्षा को रद्द कर दिया गया। मामले की जांच फिलहाल केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) कर रही है।
21 जून को प्रस्तावित है री-एग्जाम
परीक्षा रद्द होने के बाद अब NTA ने 21 जून 2026 को NEET री-एग्जाम आयोजित करने की तैयारी शुरू कर दी है। लाखों मेडिकल अभ्यर्थी इस परीक्षा का इंतजार कर रहे हैं। NTA का कहना है कि नए बदलावों का उद्देश्य परीक्षा को अधिक पारदर्शी, सुव्यवस्थित और छात्र-केंद्रित बनाना है, ताकि उम्मीदवार बेहतर माहौल में परीक्षा दे सकें।
छात्रों को क्या होगा फायदा?
- विशेषज्ञों के अनुसार नए बदलावों से:
- रफवर्क करने में आसानी होगी।
- समय प्रबंधन बेहतर होगा।
- परीक्षा के दौरान तनाव कम होगा।
- बाएं हाथ से लिखने वाले छात्रों को अतिरिक्त सुविधा मिलेगी।
- उत्तर पुस्तिका का उपयोग अधिक व्यवस्थित तरीके से किया जा सकेगा।
NEET री-एग्जाम 2026 में लागू किए गए ये बदलाव छात्रों के लिए राहत भरी खबर माने जा रहे हैं और इससे परीक्षा प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक सहज और प्रभावी होने की उम्मीद है।