मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने राज्य शासन को निर्देश दिया है कि पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अंतर्गत कार्यरत राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के जिला प्रबंधकों को सिटी मैनेजर के समान मेट्रिक्स स्तर-10 के आधार पर उच्च वेतनमान का लाभ दिया जाए। इस प्रक्रिया को पूरा करने के लिए कोर्ट ने 90 दिन की मोहलत दी है।
यह आदेश हरदा निवासी याचिकाकर्ता राधेश्याम जाट और अन्य द्वारा दायर याचिका पर दिया गया। याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता सत्येन्द्र ज्योतिषी ने तर्क रखा कि जिला प्रबंधक कई वर्षों से अपने पद पर कार्यरत हैं, लेकिन 4 अक्टूबर 2023 को जारी समकक्षता निर्धारण में उन्हें उचित वेतनमान नहीं दिया गया। उन्होंने दावा किया कि यह विधि-संगत नहीं है और मेट्रिक्स स्तर-10 के अनुसार वेतनमान निर्धारित किया जाना चाहिए।
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अंतर्गत कार्यरत राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के जिला प्रबंधकों को सिटी मैनेजर के समान मेट्रिक्स स्तर-10 के आधार पर उच्च वेतनमान का लाभ दिया जाए।