भोपाल/इंदौर। मध्यप्रदेश के एयर यात्रियों के लिए मंगलवार का दिन ऐतिहासिक रहा। इंदौर से संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) की राजधानी अबू धाबी के लिए पहली डायरेक्ट इंटरनेशनल फ्लाइट का शुभारंभ कर दिया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इंदौर एयरपोर्ट पर आयोजित कार्यक्रम में फ्लाइट को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह सेवा मध्यप्रदेश नागरिक विमानन नीति-2025 के तहत शुरू की गई है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने यात्रियों को प्रतीकात्मक बोर्डिंग पास भी प्रदान किए।
प्रदेश की प्रगति में विमान सेवाओं की अहम भूमिका
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मां अहिल्याबाई की नगरी इंदौर से अंतरराष्ट्रीय उड़ान की शुरुआत प्रदेश के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के सभी राज्यों में औद्योगिक और आर्थिक विकास को नई गति मिली है और इस विकास में बेहतर हवाई संपर्क की बड़ी भूमिका है।उन्होंने बताया कि एयर इंडिया एक्सप्रेस की यह नई अंतरराष्ट्रीय सेवा प्रदेश की नागरिक विमानन नीति-2025 के तहत शुरू की गई है। इससे सरकार का प्रदेश को बेहतर एयर कनेक्टिविटी देने का संकल्प भी पूरा होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि आर्थिक राजधानी इंदौर आने वाले समय में एक प्रमुख मेट्रोपॉलिटन सिटी के रूप में और अधिक विकसित होगी।
कई नई घरेलू उड़ानों की भी तैयारी
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार की विमानन नीति के तहत प्रदेश के भीतर संचालित हो रही उड़ानों को यात्रियों का अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है। उन्होंने बताया कि रीवा-दिल्ली, रीवा-इंदौर और रीवा-रायपुर फ्लाइट्स का संचालन सफलतापूर्वक किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि आने वाले समय में जबलपुर-कोलकाता, भोपाल-रीवा, भोपाल-पटना और रीवा-कोलकाता के बीच भी नई हवाई सेवाएं शुरू करने की योजना है। इसके अलावा धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए इंदौर-उज्जैन-ओंकारेश्वर हेली सेवा का संचालन भी किया जा रहा है।
अबू धाबी पहुंचने में लगेगा आधा समय
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सपना है कि हवाई यात्रा आम नागरिक की पहुंच में हो। इसी उद्देश्य के तहत सरकार विमान सेवाओं का लगातार विस्तार कर रही है।उन्होंने बताया कि पहले इंदौर से अबू धाबी जाने वाले यात्रियों को दिल्ली या मुंबई होकर यात्रा करनी पड़ती थी, जिससे 7 से 8 घंटे का समय लगता था। अब सीधी उड़ान शुरू होने से यह सफर केवल 3 से 4 घंटे में पूरा किया जा सकेगा।
सरकार देगी किराए पर सब्सिडी
मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्यप्रदेश नागरिक विमानन नीति के तहत राज्य सरकार प्रत्येक नई फ्लाइट के संचालन पर 15 लाख रुपये तक की सब्सिडी देने के लिए तैयार है। इसी नीति के तहत इंदौर-अबू धाबी उड़ान शुरू की गई है।उन्होंने बताया कि इस फ्लाइट का संभावित किराया जहां पहले करीब 25 हजार रुपये तक पड़ता था, वहीं अब यात्रियों को 12 से 14 हजार रुपये में यात्रा की सुविधा मिल सकेगी। किराए में आने वाले अंतर का वहन राज्य सरकार करेगी, जिससे अधिक से अधिक लोग इस सेवा का लाभ उठा सकें।
प्रदेश में तेजी से बढ़ रहा है एयर नेटवर्क
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार के कार्यकाल में प्रदेश में तीन नए एयरपोर्ट जनता को समर्पित किए जा चुके हैं, जबकि उज्जैन और शिवपुरी में नए एयरपोर्ट का निर्माण कार्य जारी है। इसके पूरा होने के बाद मध्यप्रदेश में कुल 10 एयरपोर्ट उपलब्ध होंगे।उन्होंने बताया कि सरकार की योजना के तहत प्रत्येक 75 किलोमीटर की दूरी पर एक कमर्शियल एयरपोर्ट या एयरस्ट्रिप तथा प्रत्येक 45 किलोमीटर पर एक हेलीपैड विकसित किया जाएगा। प्रदेश की 230 विधानसभा क्षेत्रों में बनने वाले हेलीपैड आपातकालीन सेवाओं और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत करेंगे।
क्षेत्रीय कनेक्टिविटी और मेडिकल सेवाओं को मिलेगा बढ़ावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि शहडोल, नीमच, छिंदवाड़ा और मंडला जैसे जिलों को भी क्षेत्रीय संपर्क योजना (RCS) से जोड़ा जाएगा। उन्होंने बताया कि गंभीर मरीजों के लिए शुरू की गई पीएमश्री एयर एंबुलेंस सेवा मध्यप्रदेश की एक अनूठी पहल है, जिसे देश के अन्य राज्य भी अपनाने लगे हैं।उन्होंने कहा कि अबू धाबी के साथ सीधी हवाई सेवा न केवल पर्यटन और व्यापार को बढ़ावा देगी, बल्कि मध्यप्रदेश की आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी। मुख्यमंत्री ने इस ऐतिहासिक उड़ान के सभी यात्रियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि बेहतर अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी प्रदेश के विकास का नया अध्याय साबित होगी।