केंद्र सरकार ने बुधवार को मैसेजिंग प्लेटफॉर्म टेलीग्राम को नोटिस जारी कर प्लेटफॉर्म से पायरेटेड यानी कॉपीराइट का उल्लंघन करने वाले कंटेंट को हटाने का निर्देश दिया है। यह कदम कई ओटीटी प्लेटफॉर्म्स की शिकायतों के बाद उठाया गया है। इन प्लेटफॉर्म्स का आरोप है कि उनकी फिल्में और वेब सीरीज बड़ी संख्या में टेलीग्राम पर अवैध रूप से साझा की जा रही हैं।
सूचना और प्रसारण मंत्रालय (एमआईबी) ने सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 के तहत टेलीग्राम को नोटिस भेजा है और प्लेटफॉर्म को पायरेसी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के साथ अवैध कंटेंट हटाने को कहा है। यह कार्रवाई तब की गई जब जियो सिनेमा और अमेजन प्राइम वीडियो जैसे ओटीटी प्लेटफॉर्म्स ने शिकायत दर्ज कराई कि उनका कॉपीराइट वाला कंटेंट बिना अनुमति के टेलीग्राम पर व्यापक रूप से साझा किया जा रहा है।
शिकायतों की जांच के दौरान अधिकारियों ने ऐसे 3,142 टेलीग्राम चैनलों की पहचान की, जिन पर कथित रूप से फिल्मों, वेब सीरीज और अन्य कॉपीराइट सामग्री की पायरेटेड कॉपियां साझा की जा रही थीं। रिपोर्ट्स के मुताबिक टेलीग्राम की कुछ सुविधाओं, जैसे बड़ी फाइल शेयरिंग और यूजर्स की पहचान छिपाने की व्यवस्था का कुछ लोगों ने दुरुपयोग कर बड़े पैमाने पर पायरेटेड कंटेंट फैलाया।
यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब हाल ही में मंत्रालय ने अश्लील कंटेंट स्ट्रीम करने के आरोप में पांच ओटीटी प्लेटफॉर्म्स पर प्रतिबंध लगाया था। इनमें मूडएक्सवीआईपी, कोयल प्लेप्रो, डिजी मूवीप्लेक्स, फील और जुगनू शामिल हैं। इससे पहले जुलाई 2025 में भी केंद्र सरकार ने 25 ओटीटी प्लेटफॉर्म्स की वेबसाइट और ऐप्स को ब्लॉक करने का आदेश दिया था, जिन पर अश्लील या आपत्तिजनक कंटेंट स्ट्रीम करने का आरोप लगा था।
सरकार के अनुसार, सूचना प्रौद्योगिकी (इंटरमीडियरी गाइडलाइंस एंड डिजिटल मीडिया एथिक्स कोड) नियम, 2021 के तहत किसी भी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म को अश्लील, पोर्नोग्राफिक, गोपनीयता का उल्लंघन करने वाले या नफरत और हिंसा को बढ़ावा देने वाले कंटेंट को होस्ट या प्रसारित करने की अनुमति नहीं है। सरकार की यह कार्रवाई ऑनलाइन पायरेसी पर रोक लगाने और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर आपत्तिजनक सामग्री को नियंत्रित करने के प्रयासों का हिस्सा है।
Comments (0)