लखनऊ - लखनऊ में 'सांसद खेल महाकुंभ-2026' के उद्घाटन के अवसर पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि, पहले सिर्फ क्रिकेट और हॉकी खेलने वाले देश के तौर पहचाना जाने वाला भारत अब दुनिया भर के बड़े खेल आयोजनों में अपनी एक अलग पहचान बना रहा है।
खेल में भारत एक अलग पहचान बना रहा है
बीजेपी नेता ने अपने संबोधन में आगे कहा कि, पहले, हमारी पहचान सिर्फ क्रिकेट और हॉकी खेलने वाले देश के तौर पर थी और जब ओलंपिक खेलों की बात आती थी, तो हम अक्सर पदक तालिका में अपना नाम भी दर्ज नहीं करा पाते थे। हालांकि, भारत अब दुनिया भर के बड़े खेल आयोजनों में अपनी एक अलग पहचान बना रहा है।
एथलीटों को बेहतर करने का हर मौका भी दिया जाए
भारतीय जनता पार्टी के दिग्गज नेता राजनाथ सिंह ने इस दौरान यह भी कहा कि, भारत में पहले खेलों को कभी भी वह अहमियत नहीं मिली जिसके वे हकदार हैं, इसलिए यह बहुत ज़रूरी है कि समाज में खेलों और एथलीटों के महत्व को सिर्फ समझा ही न जाए, बल्कि उन्हें बेहतर करने का हर मौका भी दिया जाए। रक्षा मंत्री ने यह भी कहा कि, पिछले 10-12 सालों में भारत में खेलों के स्तर और उपलब्धियां देखकर महसूस किया जा सकता है कि पूरे माहौल में बड़ा बदलाव आया है।
पूर्ववर्ती सरकारों पर उदासीनता बरतने का लगाया आरोप
उन्होंने पूर्ववर्ती सरकारों पर खेलों के प्रति उदासीनता बरतने का आरोप लगाते हुए कहा कि, एक समय था जब हमारे देश में खेलों को लेकर उदासीनता की भावना थी। बहुत कम लोग खेलों को करियर के तौर पर अपनाने के बारे में सोचते भी थे। न तो खेलों की मूलभूत सुविधाओं और न ही एथलीटों की खास जरूरतों पर ठीक से ध्यान दिया जाता था।
मोदी सरकार आज खेलों और एथलीटों से जुड़ी समस्याओं हल कर रही
राजनाथ सिंह ने आगे कहा कि, कहा यहां तक कि जो लोग खेलना चाहते थे उनके लिए भी छोटे शहरों में मौजूद सुविधाओं का स्तर बहुत निम्न था, नतीजतन कई एथलीटों की प्रतिभा इन कर्मियों की वजह से दम तोड़ देती थी। आगे अपने संबोधन में बीजेपी नेता ने कहा कि, पीएम मोदी के नेतृत्व में सरकार आज खेलों और एथलीटों से जुड़ी समस्याओं को सक्रिय रूप से हल कर रही है।