नीट परीक्षा में पेपर लीक जैसी घटनाओं पर सख्ती लाने के लिए केंद्र सरकार द्वारा लाया गया 'पब्लिक एग्जामिनेशन (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026' आज फिर संसद में चर्चा का प्रमुख विषय रहेगा। मंगलवार को लंबी बहस के बावजूद विधेयक पारित नहीं हो सका था। अब बुधवार, 29 जुलाई को लोकसभा में चर्चा पूरी होने के बाद सरकार इसका जवाब देगी और फिर मतदान कराया जाएगा। इसके साथ ही यह विधेयक राज्यसभा में भी पेश किया जाएगा।
लोकसभा में आज फिर होगी चर्चा और वोटिंग
मंगलवार को लोकसभा में पब्लिक एग्जामिनेशन (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 पर विस्तृत चर्चा हुई। दोपहर 2 बजे शुरू हुई बहस रात 11 बजे तक चली, लेकिन कई सांसदों के बोलने के लिए समय शेष रहने के कारण विधेयक पर मतदान नहीं हो सका। अब बुधवार को सदन की कार्यवाही शुरू होने के बाद शेष चर्चा पूरी होगी। इसके बाद सरकार विपक्ष द्वारा उठाए गए सवालों का जवाब देगी और फिर विधेयक को मतदान के लिए रखा जाएगा।
रात 11 बजे तक चली लोकसभा की कार्यवाही
मंगलवार को सदन में लगातार करीब नौ घंटे तक चर्चा चली। कार्यवाही समाप्त होने पर लोकसभा अध्यक्ष ने सदन को बुधवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया। आज उसी विधेयक पर आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
राज्यसभा में भी पेश होगा संशोधन विधेयक
लोकसभा में चर्चा के साथ-साथ सरकार आज इस विधेयक को राज्यसभा में भी पेश करेगी। यदि लोकसभा से विधेयक पारित होता है तो आगे की संसदीय प्रक्रिया के तहत इसे उच्च सदन में विस्तार से चर्चा के लिए लिया जाएगा।
2024 के कानून में किए जाएंगे बदलाव
यह संशोधन विधेयक 2024 में लागू सार्वजनिक परीक्षा कानून में बदलाव का प्रस्ताव रखता है। सरकार का कहना है कि संशोधित प्रावधानों से प्रतियोगी परीक्षाओं में होने वाली अनियमितताओं, विशेषकर पेपर लीक और संगठित परीक्षा धोखाधड़ी पर अधिक प्रभावी नियंत्रण लगाया जा सकेगा।
केंद्रीय मंत्री ने क्या कहा?
केंद्रीय राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने चर्चा के दौरान कहा कि सरकार का उद्देश्य सार्वजनिक परीक्षाओं की पारदर्शिता और विश्वसनीयता को मजबूत करना है। उनके अनुसार प्रस्तावित संशोधन भविष्य में पेपर लीक जैसी घटनाओं पर रोक लगाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।