भोपाल। मध्यप्रदेश सरकार ने मंगलवार को भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) के आठ अधिकारियों के तबादले करते हुए नई पदस्थापनाएं की हैं। प्रशासनिक फेरबदल के तहत छतरपुर, शहडोल और बालाघाट जिलों में नए कलेक्टरों की नियुक्ति की गई है। सरकार के इस आदेश के बाद प्रशासनिक स्तर पर महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिले हैं।
शहडोल कलेक्टर के आदेश में किया गया संशोधन
तबादला आदेश में सबसे बड़ा बदलाव शहडोल कलेक्टर की नियुक्ति को लेकर किया गया है। पूर्व में जारी आदेश के अनुसार मिशा सिंह को शहडोल कलेक्टर बनाया गया था, लेकिन सरकार ने उसमें संशोधन करते हुए वर्ष 2015 बैच के आईएएस अधिकारी पार्थ जायसवाल को शहडोल का नया कलेक्टर नियुक्त किया है। वहीं मिशा सिंह को अब अपर आयुक्त, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
मृणाल मीणा बने छतरपुर कलेक्टर
प्रशासनिक फेरबदल के तहत बालाघाट के कलेक्टर मृणाल मीणा का तबादला कर उन्हें छतरपुर का नया कलेक्टर बनाया गया है। वहीं ग्वालियर में पदस्थ अपर कलेक्टर कुमार सत्यम को बालाघाट जिले का नया कलेक्टर नियुक्त किया गया है।
अदिति को कौशल विकास-रोजगार का जिम्मा
मंदसौर कलेक्टर अदिति गर्ग को भोपाल पदस्थ करते हुए मप्र स्किल डेवलपमेंट प्रोजेक्ट का परियोजना संचालक बनाया गया है। उन्हें मप्र राज्य कौशल विकास एवं रोजगार निर्माण बोर्ड के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, संचालक रोजगार और एसएसआर ग्लोबल स्किल पार्क के मुख्य कार्यपालन अधिकारी का अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है।
अंकित अस्थाना को ईएसबी का अतिरिक्त प्रभार
औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन विभाग में उप सचिव रहे अंकित अस्थाना को सामान्य प्रशासन विभाग में उप सचिव पदस्थ किया गया है। इसके साथ ही उन्हें मप्र कर्मचारी चयन मंडल के संचालक का अतिरिक्त प्रभार दिया गया।
दिनेश जैन को खाद्य विभाग की जिम्मेदारी
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में अपर सचिव रहे दिनेश जैन को खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग में नई जिम्मेदारी दी गई है। उन्हें विकास आयुक्त सह आयुक्त सह संचालक खाद्य पर पदस्थ किया गया है। साथ ही वे खाद्य विभाग में अपर सचिव का अतिरिक्त प्रभार भी संभालेंगे।
स्वरोचिष को राज्य योजना का अतिरिक्त प्रभार
आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग में विकास आयुक्त सह आयुक्त रहे स्वरोचिष सोमवंशी को वर्तमान दायित्वों के साथ राज्य योजना आयोग के सदस्य सचिव और अटल बिहारी वाजपेयी सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान के संचालक का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।
उनके कार्यभार संभालने के बाद ऋषि गर्ग को राज्य योजना आयोग के सदस्य सचिव और सुशासन एवं नीति विश्लेषण संस्थान के संचालक के अतिरिक्त प्रभार से मुक्त कर दिया जाएगा।