सोमनाथ/गुजरात। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो दिवसीय गुजरात दौरे पर हैं। सोमवार को उन्होंने गिर सोमनाथ में भव्य रोड शो किया और इसके बाद ऐतिहासिक सोमनाथ मंदिर में कुंभाभिषेक एवं पूजा-अर्चना में भाग लिया।
गिर सोमनाथ में भव्य रोड शो, जनता का जोरदार स्वागत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पहुंचने पर गिर सोमनाथ में भव्य रोड शो हुआ। पूरे रास्ते लोगों की भारी भीड़ उमड़ी और जनता ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। जगह-जगह लोगों ने नारे लगाकर प्रधानमंत्री का अभिनंदन किया।
सोमनाथ मंदिर में कुंभाभिषेक और पूजा-अर्चना
रोड शो के बाद प्रधानमंत्री मोदी सोमनाथ मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने कुंभाभिषेक और विशेष पूजा-अर्चना में हिस्सा लिया। यह कार्यक्रम सोमनाथ अमृत महोत्सव के अंतर्गत आयोजित किया गया था। मंदिर परिसर में मंत्रोच्चारण के बीच धार्मिक अनुष्ठान संपन्न हुआ।
आज वडोदरा में सरदारधाम छात्रावास का उद्घाटन
प्रधानमंत्री मोदी आज शाम वडोदरा में सरदारधाम छात्रावास का उद्घाटन करेंगे। इसके साथ ही वे दोनों कार्यक्रमों में जनसभाओं को भी संबोधित करेंगे। इस दौरान बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने की संभावना है।
भारत को कोई झुका नहीं सकता: पीएम मोदी
सोमनाथ अमृत महोत्सव के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की सांस्कृतिक विरासत और आत्मविश्वास पर जोर देते हुए कहा कि इतिहास में कई आक्रांताओं ने सोमनाथ मंदिर को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की, लेकिन वे सफल नहीं हो सके। उन्होंने कहा कि दुनिया की कोई ताकत भारत को झुका नहीं सकती और न ही दबाव में ला सकती है।
पोखरण परमाणु परीक्षण का किया जिक्र
प्रधानमंत्री मोदी ने 11 मई 1998 के पोखरण परमाणु परीक्षण का उल्लेख करते हुए कहा कि उस समय भारत पर अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध लगाए गए थे और वैश्विक विरोध भी हुआ था, लेकिन भारत अपने निर्णय पर अडिग रहा।
सरदार वल्लभभाई पटेल को किया याद
पीएम मोदी ने सरदार वल्लभभाई पटेल को याद करते हुए कहा कि उन्होंने 500 से अधिक रियासतों को जोड़कर भारत को एकता के सूत्र में पिरोया। उन्होंने सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण को भी राष्ट्रीय संकल्प बताया।
सोमनाथ मंदिर की ऐतिहासिक मजबूती पर जोर
प्रधानमंत्री ने कहा कि आक्रमणकारी सोमनाथ को केवल एक ढांचा समझकर बार-बार तोड़ते रहे, लेकिन हर बार मंदिर फिर से खड़ा हुआ। उन्होंने कहा कि भारत की वैचारिक शक्ति को कोई नहीं समझ पाया।
भारत की आध्यात्मिक शक्ति पर बयान
अपने संबोधन के अंत में पीएम मोदी ने कहा कि भारतीय संस्कृति शरीर को नश्वर मानती है लेकिन आत्मा को अविनाशी मानती है। उन्होंने कहा कि शिव केवल देव नहीं बल्कि सर्वात्मा हैं और यही भारत की सनातन चेतना की सबसे बड़ी शक्ति है।