राजस्थान में इस बार मानसून ने अब तक सामान्य से बेहतर प्रदर्शन किया है, लेकिन अब बारिश की रफ्तार धीमी पड़ने वाली है। मौसम विभाग के अनुसार, राज्य में अब तक औसतन 13 फीसदी अधिक बारिश दर्ज की गई है, जबकि शुक्रवार (11 जुलाई) से मानसून कमजोर चरण (Weak Phase) में प्रवेश कर रहा है। ऐसे में अगले कुछ दिनों तक अधिकांश जिलों में भारी बारिश की संभावना कम रहेगी, वहीं कई इलाकों में एक बार फिर गर्मी और उमस लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है। हालांकि, शुक्रवार को भी प्रदेश के कुछ हिस्सों में मौसम सक्रिय रहेगा। मौसम विभाग ने 6 जिलों में आंधी और हल्की से मध्यम बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। वहीं, पश्चिमी राजस्थान में मानसून की एंट्री जरूर हो गई है, लेकिन इसकी रफ्तार फिलहाल काफी कमजोर बनी हुई है।
पश्चिमी राजस्थान में पहुंचा मानसून, लेकिन असर रहा सीमित
गुरुवार को मानसून ने बीकानेर, जैसलमेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और फलोदी क्षेत्रों में दस्तक दी। हालांकि मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार यह एंट्री अपेक्षा के अनुरूप मजबूत नहीं रही। हनुमानगढ़ को छोड़कर अधिकांश पश्चिमी जिलों में मौसम साफ रहा और बारिश का असर बेहद सीमित देखने को मिला। वहीं पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश जरूर दर्ज की गई, लेकिन व्यापक स्तर पर मानसून सक्रिय नहीं रहा।
11 जुलाई से कमजोर होगा मानसून, एक सप्ताह तक रह सकता है असर
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि शुक्रवार से राजस्थान में मानसून कमजोर पड़ने लगेगा। यह कमजोर चरण करीब एक सप्ताह तक बना रह सकता है। इस दौरान अधिकांश जिलों में बारिश की गतिविधियां कम रहेंगी। कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या गरज-चमक की संभावना बनी रहेगी, लेकिन व्यापक और भारी बारिश की उम्मीद फिलहाल कम है। बारिश कम होने से तापमान में भी बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है और कई जिलों में उमस लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है।
आज इन जिलों में बारिश और आंधी का अलर्ट
मौसम विभाग ने शुक्रवार के लिए प्रदेश के 6 जिलों में येलो अलर्ट जारी किया है। इन इलाकों में तेज हवा, गरज-चमक और हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। हालांकि अधिकांश जिलों में मौसम शुष्क रहने की संभावना है और कहीं-कहीं धूप भी तेज रहेगी।
पिछले 24 घंटे में कहां कितनी बारिश हुई?
गुरुवार तक दर्ज आंकड़ों के अनुसार प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश रिकॉर्ड की गई।
इसके अलावा हनुमानगढ़, जालौर, भीलवाड़ा, दौसा, धौलपुर, झालावाड़, कोटा और सीकर के कुछ इलाकों में भी हल्की बारिश दर्ज की गई।
बारिश थमी तो बढ़ी गर्मी, कई शहरों में 40 डिग्री के पार तापमान
मानसून की गतिविधियां कमजोर पड़ते ही राजस्थान में गर्मी का असर फिर बढ़ने लगा है। सबसे अधिक तापमान श्रीगंगानगर में 42.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा चूरू, जयपुर, अलवर और चित्तौड़गढ़ समेत कई शहरों में तापमान तेजी से बढ़ा है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है।
प्रमुख शहरों का मौसम
जयपुर
राजधानी में दिनभर बादलों की आवाजाही रही, लेकिन बारिश नहीं हुई। अधिकतम तापमान 34.1°C और न्यूनतम 25.7°C दर्ज किया गया।
अलवर
दिनभर बादल छाए रहे, लेकिन बारिश नहीं हुई। उमस बनी रही और अधिकतम तापमान करीब 38°C दर्ज किया गया।
जोधपुर
बादलों की आवाजाही के बीच अधिकतम तापमान 35.3°C और न्यूनतम 28.8°C रिकॉर्ड किया गया।
उदयपुर
येलो अलर्ट के बावजूद बारिश नहीं हुई। दिनभर धूप और उमस का असर रहा। अधिकतम तापमान 32°C और न्यूनतम 24°C दर्ज किया गया।
आगे कैसा रहेगा मौसम?
मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों तक राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में भारी बारिश की संभावना कम है। कमजोर मानसून के कारण तापमान बढ़ सकता है और उमस भी बनी रहेगी। हालांकि स्थानीय स्तर पर कहीं-कहीं गरज-चमक और हल्की बारिश हो सकती है। मौसम विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और आवश्यकता पड़ने पर नए अलर्ट जारी किए जाएंगे।
FAQs
1. राजस्थान में अब तक कितनी बारिश हुई है?
प्रदेश में अब तक औसतन 95 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य से करीब 13 फीसदी अधिक है।
2. क्या मानसून कमजोर पड़ रहा है?
हाँ। मौसम विभाग के अनुसार 11 जुलाई से मानसून कमजोर चरण में प्रवेश कर रहा है।
3. आज किन जिलों में अलर्ट है?
शुक्रवार के लिए 6 जिलों में आंधी और हल्की बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है।
4. सबसे अधिक तापमान कहां दर्ज हुआ?
श्रीगंगानगर में अधिकतम तापमान 42.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
5. सबसे ज्यादा बारिश कहां हुई?
अजमेर जिले के केकड़ी में पिछले 24 घंटे में 49 मिमी बारिश दर्ज की गई।