पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय में जॉइंट सेक्रेटरी (मार्केटिंग और ऑयल रिफाइनरी) सुजाता शर्मा ने देश में LPG सप्लाई को लेकर स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि कहीं भी कमी नहीं है और सप्लाई पूरी तरह सामान्य बनी हुई है। उन्होंने बताया कि पिछले 25 दिनों में 2.5 लाख नए PNG (पाइप्ड नेचुरल गैस) कनेक्शन जारी किए गए हैं। इसके अलावा, लगभग 2.20 लाख उपभोक्ता LPG से PNG पर शिफ्ट हो चुके हैं, जो गैस खपत के पैटर्न में बदलाव का संकेत है। साथ ही, 2.5 लाख नए आवेदन और रजिस्ट्रेशन भी प्राप्त हुए हैं।
LPG सप्लाई पर सरकार का दावा
सुजाता शर्मा ने कहा कि देशभर में LPG की सप्लाई को लेकर किसी भी डिस्ट्रीब्यूटरशिप पर कमी नहीं है और ऑनलाइन बुकिंग भी सुचारू रूप से चल रही है। उन्होंने जानकारी दी कि अब तक 26 राज्यों द्वारा 22,000 टन कमर्शियल LPG का आवंटन किया गया है, जिसमें राज्य सरकारों और ऑयल मार्केटिंग कंपनियों दोनों का योगदान शामिल है।इन प्रयासों का असर यह रहा कि हाल ही में एक दिन में करीब 30,005 किलोग्राम सिलेंडरों का वितरण किया गया।
वैकल्पिक ईंधन पर जोर
सरकार ने LPG के साथ-साथ वैकल्पिक ईंधन पर भी ध्यान बढ़ाया है। सुजाता शर्मा के अनुसार, केरोसिन को एक अल्टरनेटिव फ्यूल ऑप्शन के रूप में अतिरिक्त आवंटित किया गया है। अब तक 16 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में इसका एलोकेशन ऑर्डर जारी किया जा चुका है।
ब्लैक मार्केटिंग पर सख्ती
सरकार ने गैस की कालाबाजारी और जमाखोरी पर भी सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने बताया कि पिछले दिन देशभर में करीब 2700 छापे मारे गए, जिनमें लगभग 2000 सिलेंडर जब्त किए गए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस अभियान में राज्य सरकारों की भूमिका बेहद अहम है और केंद्र व राज्य मिलकर स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश कर रहे हैं।
सरकार का कहना है कि देश में गैस सप्लाई को लेकर स्थिति नियंत्रण में है और PNG जैसे विकल्पों की ओर तेजी से बढ़ता रुझान भविष्य में ईंधन की मांग और वितरण प्रणाली को संतुलित करने में मदद करेगा।