मुंबई - होर्मुज जलडमरूमध्य के पास पलाऊ के झंडे वाले जहाज़ MT सेटेबेलो पर हुए हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत के बाद राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार गुट) की सांसद सुप्रिया सुले ने गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह बेहद दुखद घटना है और जिस तरह से हमला हुआ, उसने पूरे देश को झकझोर दिया है।
भारत ने अपने तीन नागरिकों को खोया
सुप्रिया सुले ने कहा कि इस हमले में भारत ने अपने तीन नागरिकों को खो दिया है, जो बेहद पीड़ादायक है। उन्होंने केंद्र सरकार से इस मामले में स्पष्ट जवाब देने और उचित कदम उठाने की मांग की। उनका कहना था कि भारतीय नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए और ऐसी घटनाओं पर सरकार को गंभीरता से कार्रवाई करनी चाहिए।
हमारे तीन भारतीयों को हमने गंवा दिया
उन्होंने कहा कि,ये बहुत दुखद घटना है। हमारे तीन भारतीयों को हमने गंवा दिया। भारत सरकार को इसका जवाब देना ही चाहिए। भारतीय मिट्टी के तीन लोग गए हैं। हमारी अपेक्षा है कि भारत सरकार इस पर चर्चा करेगी और आवश्यक कदम उठाएगी।"* उन्होंने यह भी कहा कि यदि सरकार विदेश नीति के स्तर पर कोई ठोस पहल नहीं कर पाती है, तो विपक्ष पीड़ित परिवारों के साथ मजबूती से खड़ा रहेगा।
कांग्रेस-NCP (SP) विलय की अटकलों पर भी दिया जवाब
इस दौरान कांग्रेस और एनसीपी (शरदचंद्र पवार गुट) के संभावित विलय को लेकर चल रही चर्चाओं पर भी सुप्रिया सुले ने अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि दोनों दलों के विलय को लेकर फिलहाल कोई बातचीत नहीं चल रही है। सुले ने कहा कि, न तो हमारी पार्टी की ओर से ऐसा कोई प्रस्ताव दिया गया है और न ही हमें ऐसा कोई प्रस्ताव मिला है। उनके इस बयान के बाद कांग्रेस और एनसीपी (एससीपी) के विलय को लेकर चल रही अटकलों पर फिलहाल विराम लग गया है।
विपक्ष ने पीड़ित परिवारों के साथ खड़े रहने का दिया भरोसा
सुप्रिया सुले ने कहा कि समुद्री सुरक्षा और विदेशों में काम कर रहे भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर सरकार को और अधिक सतर्क रहने की जरूरत है। उन्होंने पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि इस कठिन समय में पूरा विपक्ष उनके साथ खड़ा है। जहाज़ पर हुए हमले और भारतीय नाविकों की मौत को लेकर राजनीतिक हलकों में भी चिंता बढ़ गई है। ऐसे में सरकार की आगामी प्रतिक्रिया और कार्रवाई पर सभी की नजर बनी हुई है।