प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को असम में कहा कि भारतीय जनता पार्टी देश के लोगों की पहली पसंद बन चुकी है। उन्होंने कहा कि देश की जनता लगातार कांग्रेस को नकार रही है। आज का वोटर गुड गवर्नेंस और विकास चाहता है। जिस महाराष्ट्र में कांग्रेस वर्षों तक सत्ता में रही, वहां भी जनता ने उसे सत्ता से बाहर कर दिया। प्रधानमंत्री मोदी ने असम के कलियाबोर में ₹6,957 करोड़ की लागत से बनने वाले काजीरंगा एलिवेटेड कॉरिडोर की आधारशिला रखी। इस परियोजना का उद्देश्य ट्रैफिक जाम को कम करना और यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल काजीरंगा के आसपास वन्यजीवों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। इसके साथ ही पीएम मोदी ने डिब्रूगढ़-गोमती नगर (लखनऊ) और कामाख्या-रोहतक अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों को वर्चुअली हरी झंडी दिखाई।
लगभग 7 हजार करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे
प्रधानमंत्री ने बताया कि हर साल ब्रह्मपुत्र नदी का जलस्तर बढ़ने पर वन्यजीव ऊंचे इलाकों की ओर पलायन करते हैं। इस दौरान गैंडे और हाथी सड़क किनारे फंस जाते हैं, जिससे हादसों की आशंका बढ़ जाती है। इसी समस्या के समाधान के लिए करीब 90 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड कॉरिडोर बनाया जा रहा है, जिस पर लगभग 7 हजार करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
स्थानीय लोगों को आय के नए अवसर मिले
पीएम मोदी ने कहा कि बीते कुछ वर्षों में काजीरंगा में पर्यटकों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। इससे टूर गाइड, ट्रैवल एजेंसियों, होटल व्यवसाय, हस्तशिल्प कलाकारों और स्थानीय लोगों के लिए आय के नए अवसर पैदा हुए हैं।
नॉर्थ ईस्ट के विकास को प्राथमिकता
उन्होंने कहा कि असम आज पूरी दुनिया को यह दिखा रहा है कि विकास के साथ विरासत को कैसे संरक्षित किया जा सकता है। दशकों तक लोगों को यह महसूस होता रहा कि देश का विकास कहीं और हो रहा है और वे पीछे छूट गए हैं। इस सोच को बदलते हुए उत्तर-पूर्व भारत के विकास को प्राथमिकता दी गई है।प्रधानमंत्री मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस ने असम की मिट्टी को घुसपैठियों के हवाले कर दिया। उनकी सरकार के दौरान असम में घुसपैठ लगातार बढ़ती रही। कांग्रेस को असम के इतिहास, संस्कृति और आस्था से कोई सरोकार नहीं रहा।
मुझे विश्वास है असम भी यही करेगा
पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस की नीति रही है कि घुसपैठियों को बचाओ और उनकी मदद से सत्ता हासिल करो। उन्होंने कहा कि बिहार में कांग्रेस ने घुसपैठियों को बचाने के लिए यात्राएं निकालीं, लेकिन बिहार की जनता ने उन्हें बाहर का रास्ता दिखा दिया। मुझे विश्वास है कि असम की जनता भी यही करेगी।
Comments (0)