नई दिल्ली - भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व ऑलराउंडर रॉबिन सिंह का मानना है कि रोहित शर्मा और विराट कोहली वनडे वर्ल्ड कप 2027 में भारत के लिए बेहद महत्वपूर्ण खिलाड़ी साबित हो सकते हैं। दक्षिण अफ्रीका, जिम्बाब्वे और नामीबिया में होने वाले इस टूर्नामेंट से पहले दोनों दिग्गज बल्लेबाजों की फॉर्म और फिटनेस पर चर्चा तेज है। रॉबिन सिंह ने कहा कि बड़े टूर्नामेंट में अनुभव अहम होता है, लेकिन उससे भी ज्यादा जरूरी खिलाड़ियों का मौजूदा प्रदर्शन और फिट रहना है।

रोहित-विराट की फॉर्म से बढ़ीं उम्मीदें
रोहित शर्मा और विराट कोहली हालिया वनडे पारियों में प्रभावशाली प्रदर्शन करते नजर आए हैं। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, रोहित ने अपनी पिछली पांच पारियों में दो शतक और एक बार 92 रन बनाए हैं। वहीं, विराट कोहली ने इसी अवधि में एक शतक लगाने के अलावा 74 और 65 रन की पारियां खेली हैं।
रॉबिन सिंह ने कहा कि दोनों खिलाड़ियों के पास पर्याप्त अनुभव है और वे जानते हैं कि बड़े मुकाबलों में किस तरह खेलना है। उनके मुताबिक, उम्र बढ़ने के साथ अनुभव भी बढ़ता है, इसलिए मुख्य बात यह है कि खिलाड़ी अपनी फिटनेस बनाए रखें और लगातार अच्छा प्रदर्शन करते रहें।
रॉबिन सिंह ने भरोसा जताया कि रोहित और विराट भारतीय टीम के लिए अहम भूमिका निभा सकते हैं। दोनों खिलाड़ियों की फॉर्म को देखते हुए वर्ल्ड कप से पहले उनके प्रदर्शन पर चयनकर्ताओं और टीम प्रबंधन की नजर बनी रहेगी।

गौतम गंभीर की रणनीति पर क्या बोले रॉबिन सिंह?
भारतीय टीम वर्ल्ड कप 2027 की तैयारियों के तहत अलग-अलग खिलाड़ियों को मौके दे रही है। हालिया वनडे मुकाबलों में भी टीम संयोजन को परखने की कोशिश की गई है। रॉबिन सिंह का मानना है कि मुख्य कोच गौतम गंभीर और उनकी टीम के पास आगामी विश्व कप को लेकर स्पष्ट योजना होगी। उन्होंने कहा कि टीम प्रबंधन ज्यादा से ज्यादा खिलाड़ियों को आजमा रहा है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि कौन से खिलाड़ी विश्व कप की परिस्थितियों और जरूरतों के अनुरूप बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं।
रॉबिन के अनुसार, चयन प्रक्रिया किसी रणनीति के तहत आगे बढ़ रही है। टीम प्रबंधन उन खिलाड़ियों को पहचानने की कोशिश करेगा, जो विश्व कप से पहले लगातार मौके मिलने पर अपनी उपयोगिता साबित कर सकें। इससे टूर्नामेंट के लिए मजबूत संयोजन तैयार करने में मदद मिलेगी।
भुवनेश्वर कुमार और मोहम्मद शमी की वापसी पर नजर
वर्ल्ड कप 2027 को लेकर तेज गेंदबाजों के चयन पर भी चर्चा हो रही है। भुवनेश्वर कुमार की भारतीय टी20 टीम में वापसी और मोहम्मद शमी की संभावित वापसी को लेकर सवाल उठ रहे हैं। दक्षिण अफ्रीका में होने वाले मुकाबलों में तेज गेंदबाजों की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है, इसलिए इन दोनों अनुभवी खिलाड़ियों के नाम भी चर्चा में हैं।
रॉबिन सिंह ने कहा कि किसी खिलाड़ी का चयन इस बात पर निर्भर करता है कि वह टीम प्रबंधन की योजनाओं में शामिल है या नहीं। यदि भुवनेश्वर और शमी टीम की रणनीति के अनुकूल हैं, तो उन्हें विश्व कप में खेलने का अवसर मिल सकता है। लेकिन यदि वे योजनाओं का हिस्सा नहीं हैं, तो चयन मुश्किल हो सकता है।
दोनों गेंदबाजों के प्रदर्शन की तारीफ
रॉबिन सिंह ने भुवनेश्वर कुमार और मोहम्मद शमी की गेंदबाजी क्षमता की सराहना की। उन्होंने कहा कि उम्र अपने आप में किसी खिलाड़ी की उपयोगिता तय करने का एकमात्र आधार नहीं होनी चाहिए। दोनों गेंदबाजों ने भारतीय क्रिकेट में अपनी क्षमता साबित की है।
उन्होंने विशेष रूप से भुवनेश्वर के घरेलू क्रिकेट में प्रदर्शन का उल्लेख किया और कहा कि उन्होंने टीम में वापसी का अवसर पाने के लिए अच्छा काम किया है। भुवनेश्वर को टीम में मौका मिल चुका है, जबकि शमी की वापसी को लेकर अभी तस्वीर साफ नहीं है।
वर्ल्ड कप से पहले चयन पर रहेंगी निगाहें
रॉबिन सिंह के बयान से स्पष्ट है कि भारतीय टीम के सामने विश्व कप से पहले सही खिलाड़ियों और संतुलित संयोजन का चयन करने की चुनौती होगी। रोहित शर्मा और विराट कोहली की फॉर्म, तेज गेंदबाजों की उपलब्धता और युवा खिलाड़ियों के प्रदर्शन जैसे पहलू चयन में अहम हो सकते हैं। हालांकि, वर्ल्ड कप 2027 के लिए अंतिम टीम और खिलाड़ियों की भूमिका का फैसला आगे के प्रदर्शन, फिटनेस और टीम प्रबंधन की रणनीति पर निर्भर करेगा।