सैन फ्रांसिस्को: Google ने अपनी अगली पीढ़ी की Gemini 4 AI सीरीज के लिए नया फ्लैगशिप मॉडल Gemini 4 Argon पेश किया है। कंपनी के मुताबिक Argon को जटिल और लंबे समय तक चलने वाले कामों में गहरी रीजनिंग के लिए तैयार किया गया है। इसका फोकस सॉफ्टवेयर इंजीनियरिंग, लीगल और फाइनेंशियल वर्क तथा साइबर सिक्योरिटी जैसे क्षेत्रों पर है। Google का यह कदम ऐसे समय आया है जब AI मॉडल विकसित करने वाली कंपनियों के बीच प्रतिस्पर्धा तेज है। Argon को Google के पिछले हाई-एंड Pro मॉडल्स से बड़ा बताया गया है।
साइबर सिक्योरिटी में फिलहाल सीमित पहुंच
Google ने Argon को शुरुआती चरण में आम यूजर्स के लिए उपलब्ध नहीं कराया है। मॉडल की पहुंच फिलहाल चुनिंदा साइबर सिक्योरिटी विशेषज्ञों और भरोसेमंद साझेदारों तक सीमित है। कंपनी का कहना है कि इसका उद्देश्य मॉडल की क्षमताओं और सुरक्षा को वास्तविक परिस्थितियों में परखना है। Google अमेरिकी सरकार की उस स्वैच्छिक प्रक्रिया में भी भाग ले रहा है, जिसमें अत्याधुनिक AI मॉडलों को व्यापक सार्वजनिक रिलीज से पहले चुनिंदा विशेषज्ञों और संस्थानों के साथ परीक्षण किया जाता है। Argon की आम उपलब्धता की तारीख फिलहाल घोषित नहीं की गई है।
OpenAI और Anthropic के मॉडलों से कैसी है टक्कर?
Google के मुताबिक Argon ने कुछ प्रमुख साइबर सिक्योरिटी और कोडिंग बेंचमार्क में प्रतिस्पर्धी प्रदर्शन किया है। कंपनी के आंतरिक परीक्षणों में कुछ मानकों पर इसने OpenAI के Astra और Anthropic के Opus जैसे मॉडलों को पीछे छोड़ा, जबकि कुछ अन्य परीक्षणों में यह उनसे आगे नहीं निकल पाया। खासकर कोडिंग से जुड़े सभी परीक्षणों में Argon का प्रदर्शन एक जैसा नहीं रहा। इसलिए फिलहाल Argon को हर क्षेत्र में दूसरे प्रमुख AI मॉडलों से आगे बताने के बजाय Google के घोषित बेंचमार्क परिणामों को अलग-अलग देखना जरूरी है।
Gemini 3.5 Pro को लेकर भी बड़ा बदलाव
Google ने Gemini 3.5 Pro की पहले बताई गई रिलीज योजना को आगे नहीं बढ़ाने का फैसला किया है। कंपनी ने मई में Gemini 3.5 परिवार की घोषणा करते हुए 3.5 Pro को आगे जारी करने की योजना बताई थी। बाद में कंपनी की AI रोडमैप में बदलाव हुआ और अब Gemini 4 पीढ़ी की ओर बढ़ा गया है।
Gemini 4 में देरी के बीच बदली रणनीति
Gemini की नई पीढ़ी को लेकर Google की तैयारी में देरी हुई। इसी अवधि में Anthropic और OpenAI ने अपने प्रमुख AI मॉडलों में लगातार नए संस्करण पेश किए। Reuters के मुताबिक इससे Google पर AI क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा तेज करने का दबाव बढ़ा। Google DeepMind में भी इस दौरान संगठनात्मक बदलाव हुए। कंपनी के AI नेतृत्व और Gemini से जुड़े कई वरिष्ठ अधिकारियों की भूमिकाओं में बदलाव हुआ, जबकि Demis Hassabis ने भी अपनी जिम्मेदारियों में बदलाव किया।
Google का फोकस क्षमता के साथ लागत पर भी
Google CEO सुंदर पिचाई ने पहले इस धारणा को खारिज किया था कि कंपनी AI की दौड़ में पीछे रह गई है। हाल के महीनों में Google ने अपने AI मॉडल्स की क्षमताओं के साथ उनकी लागत और व्यावसायिक उपयोगिता को भी प्रमुखता से पेश किया है। Argon की शुरुआती सीमित रिलीज के बाद अब नजर इस बात पर रहेगी कि Google इसे व्यापक यूजर्स और डेवलपर्स के लिए कब उपलब्ध कराता है और वास्तविक उपयोग में इसका प्रदर्शन कैसा रहता है।