लखनऊ - उत्तर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष और राज्य सरकार में मंत्री भूपेंद्र चौधरी ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के लखनऊ दौरे को संगठन के लिए बेहद महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि यह दौरा पार्टी संगठन को और मजबूत करेगा तथा कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा का संचार करेगा। इस दौरान उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के मुद्दे पर समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर भी तीखा हमला बोला।
पदाधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक होगी
भूपेंद्र चौधरी ने बताया कि भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन संगठनात्मक दौरे पर सोमवार को लखनऊ पहुंच रहे हैं। उनके कार्यक्रम के तहत पार्टी कार्यालय में प्रदेश पदाधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक होगी। इसके अलावा शाम के समय वे भाजपा के विधायकों और सांसदों के साथ भी संवाद करेंगे। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय अध्यक्ष का यह दौरा संगठन को और अधिक सक्रिय एवं मजबूत बनाने की दिशा में अहम साबित होगा।
उन्होंने कहा कि नितिन नवीन कार्यकर्ताओं से सीधे संवाद करेंगे और संगठन की आगामी रणनीति पर चर्चा करेंगे। उनके दौरे से पार्टी कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार होगा, जिससे संगठनात्मक गतिविधियों को और गति मिलेगी।
सपा और कांग्रेस नहीं चाहते थे कि अयोध्या में मंदिर बने
इस दौरान भूपेंद्र चौधरी ने राम मंदिर मुद्दे पर विपक्षी दलों को निशाने पर लेते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी और कांग्रेस कभी नहीं चाहते थे कि अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर बने। उन्होंने आरोप लगाया कि जब इन दलों की सरकारें थीं, तब कारसेवकों पर गोलियां चलाई गईं और बड़ी संख्या में लोगों की जान गई। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता इन घटनाओं को भूली नहीं है और यह अच्छी तरह जानती है कि किस राजनीतिक दल ने राम मंदिर निर्माण का समर्थन किया और किसने इसका विरोध किया। उनके अनुसार, आज राम मंदिर का निर्माण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और भाजपा सरकार की प्रतिबद्धता के कारण संभव हो पाया है।
सुशासन के एजेंडे को आगे बढ़ाना है
भूपेंद्र चौधरी ने कहा कि भाजपा हमेशा आस्था, सांस्कृतिक विरासत और राष्ट्रहित के मुद्दों पर मजबूती से खड़ी रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि संगठनात्मक बैठकों के माध्यम से पार्टी आगामी राजनीतिक और जनहित के कार्यक्रमों को और प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा का उद्देश्य केवल चुनाव जीतना नहीं, बल्कि जनता के विश्वास को मजबूत करना और विकास तथा सुशासन के एजेंडे को आगे बढ़ाना है। राष्ट्रीय अध्यक्ष के इस दौरे के दौरान संगठन विस्तार, कार्यकर्ताओं के प्रशिक्षण और भविष्य की रणनीति पर भी विस्तार से चर्चा होने की संभावना है।