आगरा: दिवाली से पहले उत्तर प्रदेश के आगरा में चीनी की किल्लत से मिठाई कारोबारियों की चिंता बढ़ गई है। थोक बाजार में पिछले सात दिनों से चीनी की सप्लाई प्रभावित होने की बात सामने आई है। कारोबारियों के मुताबिक, शहर में रोजाना करीब 3 हजार क्विंटल चीनी की खपत होती है, जबकि मंगलवार तक थोक विक्रेताओं के पास केवल 4 से 5 हजार क्विंटल स्टॉक बचा था। यदि शुक्रवार तक नई खेप नहीं पहुंची, तो मिठाई और पेठा उद्योग पर इसका बड़ा असर पड़ सकता है।
आपूर्ति में कमी के बीच चीनी की कीमतें भी बढ़ गई हैं। कारोबारियों के अनुसार, डबल रिफाइंड सफेद चीनी का थोक भाव 59 से 60 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गया है, जबकि बाजार में यह 62 रुपये प्रति किलो तक बिक रही है। ऐसे में त्योहार से पहले मिठाइयों की लागत बढ़ने की आशंका है।
45 रुपये के भाव से 62 रुपये किलो तक पहुंची चीनी
चीनी की आपूर्ति प्रभावित होने के बीच अलग-अलग किस्मों के भाव में अंतर देखने को मिल रहा है। कारोबारियों की ओर से बताए गए भाव इस प्रकार हैं:
डबल रिफाइंड सफेद चीनी: 59 से 60 रुपये प्रति किलो थोक भाव, बाजार में 62 रुपये तक।
सिंगल रिफाइंड चीनी: करीब 57 रुपये प्रति किलो।
सरकारी मिलों की हल्की गुणवत्ता वाली चीनी: 52 से 55 रुपये प्रति किलो थोक भाव।
कारोबारियों के अनुसार, सरकार की ओर से चीनी मिलों के लिए 45 से 46 रुपये प्रति किलो का भाव तय होने की बात कही गई है। हालांकि, बाजार में उपभोक्ताओं को इससे अधिक कीमत चुकानी पड़ रही है।
2 हजार से ज्यादा हलवाई और मिठाई कारोबारी प्रभावित
चीनी की कमी का असर आगरा के मिठाई कारोबार पर पड़ने लगा है। शहर में 2 हजार से अधिक हलवाई और मिठाई विक्रेता इस आपूर्ति संकट से प्रभावित हो सकते हैं। दिवाली जैसे बड़े त्योहार से पहले चीनी की उपलब्धता कम होने से उत्पादन और बिक्री की तैयारियों पर असर पड़ने की आशंका है।
पेठा फैक्ट्रियों में उत्पादन पर असर
आगरा का पेठा उद्योग भी चीनी की कमी से प्रभावित हो रहा है। पेठा कारोबारी ने बताया कि चीनी उपलब्ध नहीं होने के कारण कुछ फैक्ट्रियों में उत्पादन ठप होने लगा है।पेठा बनाने में चीनी प्रमुख कच्चा माल है। इसकी कीमत बढ़ने और समय पर आपूर्ति नहीं होने से उत्पादन लागत बढ़ सकती है। यदि जल्द ही बाजार में पर्याप्त चीनी नहीं पहुंची, तो दिवाली के दौरान मांग पूरी करना कारोबारियों के लिए चुनौती बन सकता है।
दिवाली से पहले आपूर्ति बढ़ने की उम्मीद
त्योहारी सीजन में मिठाइयों और पेठे की मांग बढ़ जाती है। ऐसे में चीनी की लगातार आपूर्ति कारोबारियों के लिए बेहद जरूरी है। फिलहाल बाजार में स्टॉक सीमित होने और नई खेप में देरी की शिकायतों के बीच व्यापारियों की नजर आने वाली आपूर्ति पर है।यदि शुक्रवार तक पर्याप्त चीनी बाजार में नहीं पहुंचती, तो आगरा के मिठाई और पेठा कारोबार पर इसका असर और बढ़ सकता है।