प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 1 वर्ष तक सोना ना खरीदने के बयान के बाद सर्राफा बाजार में मंदी का दौरा देखने को मिल रहा है पर्यटन नगरी मसूरी के सर्राफा की दुकानों में जहां पूर्व में भारी भीड़ देखी जाती थी वहीं आजकल स्वर्णकारों की दुकाने खाली नजर आ रही हैं और लोगों द्वारा सोने चांदी के आभूषणों की खरीदारी कम कर दी गई है इसके बाद स्वर्णकारों में मायूसी देखी जा रही है इसके साथ ही सोने पर 10% टैक्स के कारण सोने के भाव 10 से 12 हजार रूपये तक बढ़ गए हैं
भाव में बढ़ोतरी के कारण आम लोगों को परेशानी
वहीं चांदी के भाव में भी 20 हजार रूपये की बढ़ोतरी देखी जा रही है अब जब की शादी का सीजन शुरू होने वाला है ऐसे में जहां सोने चांदी के भाव में बढ़ोतरी के कारण आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है वही इस कारोबार से जुड़े लगभग 50 लाख से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं उन्होंने प्रधानमंत्री से मार्मिक अपील की है कि सोने चांदी से जुड़े कारोबारियों के हित को देखते हुए सरकार द्वारा ऐसी नीति बनाई जाए जिससे उनका व्यापार प्रभावित न हो और आम लोगों को भी राहत मिल सके स्वर्णकार प्रवेश पवार ने बताया कि इस कारोबार से बंगाल के अधिकतर लोग जुड़े हैं और बंगाल के चुनाव में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान पर भाजपा को सरकार बनाने का मौका दिया ऐसे में प्रधानमंत्री के बयान के बाद उनकी आजीविका पर काफी प्रभाव पड़ा है उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा सोना आयात करने पर 10% टैक्स लगा दिया गया है जिससे सोने चांदी के भाव बढ़ गए हैं
टैक्स लगने के कारण कारोबारी को नुकसान
उन्होंने प्रधानमंत्री से अपील की है कि सरकार द्वारा टैक्स को कम किया जाए जिससे सोना चांदी आम आदमी की पहुंच से दूर ना हो सके स्वर्णकार अभय पवार ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान के बाद इसका असर भी देखने को मिल रहा है और लोग सोना चांदी खरीदने से बच रहे हैं उन्होंने बताया कि उनके साथ इस कारोबार से लगभग 10 परिवार जुड़े हैं जिन पर आर्थिक संकट गहरा गया है और उन्होंने कहा कि एक दिन में 10% का टैक्स लगने के कारण छोटे कारोबारी को आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है वही बाजार में भी मंदी देखने को मिल रही है उन्होंने सरकार से मांग की है कि टैक्स को हटाया जाए और सरकार द्वारा एक ठोस नीति बनाकर स्वर्णकारों और आम लोगों के हित के लिए कार्य करना चाहिए