उत्तर प्रदेश: पीएम नरेंद्र मोदी ने शनिवार को उत्तर प्रदेश के जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि यह परियोजना ‘विकसित उत्तर प्रदेश, विकसित भारत’ अभियान को नई गति देने वाली है। उन्होंने यह भी कहा कि देश का सबसे बड़ा राज्य अब अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट्स की संख्या के मामले में अग्रणी राज्यों में शामिल हो गया है।
“दोहरी खुशी का अवसर”
प्रधानमंत्री ने कहा कि उन्हें इस परियोजना से जुड़ी दोहरी खुशी है—पहली, इसकी नींव रखने का अवसर और दूसरी, इसके उद्घाटन का साक्षी बनने का। उन्होंने कहा कि यह एयरपोर्ट उत्तर प्रदेश की पहचान और गौरव को भी दर्शाता है।
वैश्विक हालात पर जताई चिंता
पश्चिम एशिया में जारी तनाव का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि पिछले एक महीने से अधिक समय से चल रहे संघर्ष के कारण वैश्विक स्तर पर चिंता का माहौल है। उन्होंने बताया कि इस स्थिति के चलते कई देशों में ईंधन, खाद्य सामग्री और उर्वरकों की आपूर्ति प्रभावित हुई है।
प्रधानमंत्री ने भरोसा दिलाया कि सरकार हर संभव प्रयास कर रही है, ताकि इस वैश्विक संकट का असर आम नागरिकों और किसानों पर न पड़े।
विकास परियोजनाओं की रफ्तार पर जोर
पीएम मोदी ने कहा कि वैश्विक चुनौतियों के बावजूद भारत विकास की तेज रफ्तार बनाए हुए है। उन्होंने बताया कि हाल के सप्ताहों में पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कई बड़ी परियोजनाएं शुरू या पूरी की गई हैं।
इनमें नोएडा में सेमीकंडक्टर फैक्ट्री की आधारशिला, दिल्ली-मेरठ नमो भारत ट्रेन, मेरठ मेट्रो विस्तार और अब नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन शामिल है।
इन्फ्रास्ट्रक्चर को बताया विकास का आधार
प्रधानमंत्री ने इन परियोजनाओं को आधुनिक भारत की बुनियाद बताते हुए कहा कि सेमीकंडक्टर फैक्ट्री तकनीकी आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देगी, जबकि मेट्रो और नमो भारत रेल बेहतर कनेक्टिविटी सुनिश्चित करेंगी।
उन्होंने कहा कि जेवर एयरपोर्ट पूरे उत्तर भारत को वैश्विक स्तर से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
केंद्रीय मंत्री ने दी परियोजना की जानकारी
कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने बताया कि लगभग 11,200 करोड़ रुपये की लागत से 3000 एकड़ से अधिक क्षेत्र में विकसित यह एयरपोर्ट अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस है।
उन्होंने कहा कि 4 किलोमीटर लंबे रनवे के साथ यह एयरपोर्ट अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए पूरी तरह सक्षम है और यहां आने वाले यात्रियों को उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक पहचान का अनुभव भी मिलेगा।