कोलकाता: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के परिणामों ने राज्य की राजनीति को पूरी तरह बदल दिया है। भारतीय जनता पार्टी ने इस बार 206 सीटों के साथ बड़ी जीत दर्ज की है, जबकि तृणमूल कांग्रेस 81 सीटों तक सिमट गई। पिछले चुनावों के मुकाबले यह परिणाम पूरी तरह उलट माना जा रहा है।
टॉलीगंज में दफ्तर कब्जाने का विवाद
कोलकाता के टॉलीगंज विधानसभा क्षेत्र में तृणमूल उम्मीदवार अरूप बिश्वास की हार के बाद विवाद खड़ा हो गया है। आरोप है कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने तृणमूल के पार्टी कार्यालय पर कब्जा कर लिया और वहां भगवा झंडा फहरा दिया। तृणमूल का झंडा हटाए जाने की बात भी सामने आई है।
जिलों में हिंसा और आगजनी के आरोप
टॉलीगंज के अलावा डबग्राम-फुलबारी और बहरामपुर से भी हिंसा की खबरें आई हैं। तृणमूल ने आरोप लगाया है कि भाजपा समर्थकों ने उनके कार्यालयों में तोड़फोड़ की और कुछ जगहों पर आगजनी की घटनाएं भी हुईं। इन घटनाओं के बाद कई इलाकों में तनाव का माहौल बना हुआ है।
भवानीपुर में पार्षद कार्यालय पर हमला
भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र के वार्ड नंबर 70 में तृणमूल पार्षद असीम कुमार बोस के कार्यालय पर हमले की खबर सामने आई है। बताया जा रहा है कि कुछ लोगों ने ताला तोड़कर अंदर घुसकर तोड़फोड़ की और सामान को बाहर निकाल दिया। घटना के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया।
PM और चुनाव आयोग की सख्ती
प्रधानमंत्री ने पहले ही अपील की थी कि ‘बदला नहीं, बदलाव’ की भावना के साथ आगे बढ़ना है। वहीं चुनाव आयोग ने भी स्पष्ट किया है कि किसी भी प्रकार की हिंसा या अवैध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।