भोपाल, नाबालिग बच्चों को शारीरिक, भावनात्मक या यौन शोषण से बचाने के उद्देश्य से बनाए गए 'यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम-2012' यानि पॉक्सो के मध्यप्रदेश में कई केस सामने आए हैं। 18 वर्ष से कम आयु के सभी बच्चों को सुरक्षित माहौल न मिलना चिंता का विषय है। ऐसे में मध्य प्रदेश में पॉक्सो एक्ट के बढ़ते मामलों पर जबलुपर हाई कोर्ट ने चिंता जाहिर करते हुए स्वत: संज्ञान लिया है।
एमपी हाई कोर्ट ने प्रदेश में पॉक्सो एक्ट के बढ़ते मामलों पर चिंता व्यक्त की है। जबलपुर हाई कोर्ट ने विभिन्न सरकारी अधिकारियों को नोटिस जारी किया है और जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया है।