भोपाल में रविवार को मध्य प्रदेश भाजपा कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और भाजपा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रेखा वर्मा मौजूद रहे। प्रेस वार्ता में महिला आरक्षण और संसद में हालिया घटनाक्रम को लेकर भाजपा नेताओं ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला।
प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने कहा कि लोकसभा में जो घटनाक्रम हुआ, वह संसदीय परंपराओं के अनुरूप नहीं था। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस का जश्न महिलाओं का अपमान है। उनके अनुसार, सभी दल किसी न किसी रूप में महिला आरक्षण बिल लागू करना चाहते थे, लेकिन विपक्ष का असली चेहरा अब सामने आ गया है।
दोहरे चरित्र को दर्शाया
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रेखा वर्मा ने कहा कि “नारी शक्ति वंदन अधिनियम” को 16-17 अप्रैल को संसद में प्रस्तुत किया गया था। 17 अप्रैल को चर्चा के बाद विपक्ष ने इसका विरोध किया। उन्होंने कहा कि देश की लगभग 50 प्रतिशत आबादी महिलाओं की है और उन्हें उनका अधिकार मिलना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि 2023 में चुनाव के समय विपक्ष ने बिल का समर्थन किया, लेकिन अब वोटिंग के दौरान उसका विरोध किया, जो दोहरे चरित्र को दर्शाता है।
सीएम ने कहा
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि संसद में जो कुछ हुआ, वह महिलाओं के सम्मान के खिलाफ था और बेहद कष्टदायक है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री और गृह मंत्री द्वारा महिलाओं के हित में लिए गए निर्णयों को विपक्ष ने समर्थन नहीं दिया। सीएम ने आरोप लगाया कि यह एक “गंदा खेल” है और जनता इसे देख रही है।
बीजेपी प्रदेशभर में आक्रोश रैली निकालेगी
उन्होंने आगे कहा कि 2014 से पहले महिला आरक्षण की बात क्यों नहीं की गई। साथ ही उन्होंने जानकारी दी कि भाजपा इस मुद्दे को जन-जन तक पहुंचाने के लिए प्रदेशभर में आक्रोश रैली निकालेगी और विभिन्न स्तरों पर इसे उठाया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी इस बिल को पारित कराने के लिए लगातार प्रयास करती रहेगी और पीछे नहीं हटेगी। प्रेस वार्ता के दौरान भाजपा नेताओं ने स्पष्ट किया कि महिलाओं के सशक्तिकरण और उनकी भागीदारी बढ़ाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है और भविष्य में भी इस दिशा में प्रयास जारी रहेंगे।