मध्य प्रदेश के पन्ना जिले में ‘पीएम पोषण शक्ति निर्माण’ योजना की जमीनी हकीकत सामने आ गई है, जहां गैस सिलेंडर की किल्लत के चलते स्कूली बच्चों का मिड-डे मील संकट में पड़ गया है। समस्या से नाराज स्व-सहायता समूह की सैकड़ों महिलाएं सड़कों पर उतर आईं और कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रशासन के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया।
गैस किल्लत से ठप होने की कगार पर स्कूलों की रसोई
महिलाओं का आरोप है कि शासन ने साफ निर्देश दिए हैं कि स्कूलों में भोजन केवल गैस चूल्हों पर ही बनाया जाए, लेकिन समय पर गैस सिलेंडर उपलब्ध नहीं हो रहे हैं। इससे स्कूलों और सांझा चूल्हा केंद्रों की रसोई बंद होने की स्थिति बन गई है। मिड-डे मील प्रभावित होने से बच्चों के पोषण पर सीधा असर पड़ रहा है और अभिभावकों की चिंता भी बढ़ गई है।
कलेक्ट्रेट घेराव कर प्रशासन को दी चेतावनी
अजयगढ़, शाहनगर सहित जिले के सभी विकासखंडों से पहुंची महिलाओं ने कलेक्टर ऊषा परमार को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द गैस आपूर्ति बहाल नहीं की गई, तो वे मध्याह्न भोजन बनाना पूरी तरह बंद कर देंगी। फिलहाल प्रशासन ने समस्या के समाधान का आश्वासन दिया है, लेकिन अब देखना होगा कि स्कूलों के चूल्हे कब तक फिर से जल पाते हैं।