सक्ती जिले में स्थित वेदांता लिमिटेड के पावर प्लांट में हुए भीषण हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 16 हो गई है। शुरुआत में 10 मजदूरों की मौत की पुष्टि हुई थी, लेकिन इलाज के दौरान कई और मजदूरों ने दम तोड़ दिया।
23 मजदूर घायल, कई की हालत गंभीर
हादसे में कुल 23 मजदूर घायल हुए थे। इनमें से कुछ की हालत अब भी नाजुक बनी हुई है। घायलों का इलाज रायगढ़ सहित अन्य अस्पतालों में जारी है।
परिजनों को मुआवजा और नौकरी
- वेदांता प्रबंधन ने मृतकों के परिजनों को ₹35-35 लाख की आर्थिक सहायता और एक आश्रित को नौकरी देने का ऐलान किया है।
- वहीं, केंद्र और राज्य सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों को ₹7 लाख और घायलों को ₹50,000 की सहायता राशि देने की घोषणा की गई है।
- इसके अलावा घायलों के बेहतर इलाज के लिए ₹15 लाख तक की मदद भी दी जाएगी।
बॉयलर ब्लास्ट बना हादसे की वजह
यह हादसा 14 अप्रैल की दोपहर करीब 2:30 बजे हुआ, जब प्लांट में बॉयलर ट्यूब फटने से जोरदार धमाका हुआ। उस समय प्लांट में 40-50 मजदूर काम कर रहे थे, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
रेस्क्यू ऑपरेशन और इलाज जारी
घटना के बाद पुलिस, प्रशासन और SDRF टीम ने देर रात तक बचाव और राहत कार्य चलाया। घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
प्रशासन की निगरानी में जांच
मामले की जांच जारी है और हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह हादसा औद्योगिक सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े करता है और मजदूरों की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता पैदा करता है।