पीएम मोदी 9 साल बाद नीदरलैंड की आधिकारिक यात्रा पर पहुंचे हैं। यह दौरा भारत और नीदरलैंड के द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
इस यात्रा के दौरान पीएम मोदी की मुलाकात नीदरलैंड के प्रधानमंत्री डिक शूफ से होगी। दोनों नेताओं के बीच व्यापार, टेक्नोलॉजी, सेमीकंडक्टर, ग्रीन एनर्जी, वाटर मैनेजमेंट और रक्षा सहयोग जैसे अहम मुद्दों पर विस्तृत चर्चा होने की संभावना है।
सेमीकंडक्टर और हाई-टेक सेक्टर पर रहेगा फोकस
इस दौरे का सबसे बड़ा केंद्र सेमीकंडक्टर और हाई-टेक इंडस्ट्री माना जा रहा है। भारत वर्तमान में अपनी चिप मैन्युफैक्चरिंग क्षमता को मजबूत करने पर तेजी से काम कर रहा है और इसी दिशा में डच तकनीकी कंपनियों के साथ साझेदारी बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।
ASML कंपनी पर खास नजर
नीदरलैंड की कंपनी ASML दुनिया की सबसे बड़ी चिप बनाने वाली मशीनों की निर्माता मानी जाती है। भारत इस क्षेत्र में तकनीकी सहयोग और निवेश बढ़ाकर सेमीकंडक्टर उत्पादन में आत्मनिर्भरता हासिल करने की दिशा में आगे बढ़ना चाहता है।
द्विपक्षीय संबंधों को मिलेगी नई दिशा
15 से 17 मई तक चलने वाली इस यात्रा में कई महत्वपूर्ण समझौतों और सहयोग पर चर्चा होने की उम्मीद है। माना जा रहा है कि यह दौरा भारत-नीदरलैंड संबंधों में तकनीकी और आर्थिक साझेदारी को नई मजबूती देगा।