Bhopal: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सुप्रसिद्ध अभिनेता नाना पाटेकर के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है। मुंबई एयरपोर्ट पर मीडिया से चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री ने नाना पाटेकर के संघर्षपूर्ण जीवन और भारतीय सिनेमा में उनके योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि नाना पाटेकर ने अपने मध्यमवर्गीय और संघर्षशील जीवन से निकलकर अभिनय की दुनिया में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई और देश-दुनिया में मध्य प्रदेश सहित पूरे भारत का गौरव बढ़ाया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि नाना पाटेकर ने अपने जीवन में अनेक संघर्षों का सामना करते हुए अभिनय के क्षेत्र में बड़ा मुकाम हासिल किया। अपने सशक्त अभिनय, प्रभावशाली संवाद अदायगी और अलग अभिनय शैली के कारण उन्होंने भारतीय सिनेमा में अपनी विशेष पहचान बनाई।
नाना पाटेकर का अभिनय मनोरंजन तक सीमित नहीं था
मुख्यमंत्री ने कहा कि नाना पाटेकर का अभिनय केवल मनोरंजन तक सीमित नहीं रहा। उनकी फिल्मों और भूमिकाओं में समाज और जीवन की वास्तविकताओं की गहरी झलक दिखाई देती थी। उन्होंने अपने अभिनय के माध्यम से कई महत्वपूर्ण सामाजिक विषयों को प्रभावशाली तरीके से दर्शकों के सामने रखा।
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि उनके विद्यार्थी जीवन के समय से ही नाना पाटेकर के अभिनय और फिल्मों की देशभर में चर्चा होती थी। उनके अभिनय ने उस दौर में दर्शकों के बीच अलग छाप छोड़ी और आज भी उनकी कला लोगों के बीच स्मरणीय है। उन्होंने कहा कि ऐसे कलाकार बहुत कम होते हैं, जो किसी भी पात्र को अपने अभिनय से पूरी जीवंतता के साथ प्रस्तुत कर सकें। नाना पाटेकर ने अपने अभिनय कौशल से भारतीय सिनेमा को समृद्ध किया और अनेक यादगार भूमिकाएं निभाईं।
नाना पाटेकर का निधन भारतीय फिल्म जगत के लिए बड़ी क्षति
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नाना पाटेकर के निधन को भारतीय फिल्म जगत के लिए अपूरणीय क्षति बताया। उन्होंने कहा कि उनके जाने से कला और अभिनय के क्षेत्र में एक बड़ी कमी पैदा हुई है। मुख्यमंत्री ने दिवंगत अभिनेता की आत्मा की शांति के लिए ईश्वर से प्रार्थना की और शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं। उन्होंने कहा कि इस कठिन घड़ी में मध्य प्रदेश सरकार और वे स्वयं शोकाकुल परिवार के साथ हैं। डॉ. मोहन यादव ने ईश्वर से दिवंगत आत्मा को मोक्ष प्रदान करने तथा परिवारजनों को इस गहन दुख को सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना की।
मुंबई दौरे पर निवेशकों से भी करेंगे मुलाकात
नाना पाटेकर के निधन पर शोक व्यक्त करने के साथ ही मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने मुंबई दौरे के उद्देश्य की भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि उनका मुंबई दौरा मध्य प्रदेश में निवेश और औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण है। मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार प्रदेश में विभिन्न क्षेत्रों के उद्योगों और निवेश की संभावनाओं को लगातार प्रोत्साहित कर रही है। औद्योगिक विकास के साथ युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा करना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने बताया कि इसी उद्देश्य से विभिन्न क्षेत्रों के निवेशकों और उद्योगपतियों के साथ लगातार संवाद किया जा रहा है। ऊर्जा, माइनिंग समेत कई औद्योगिक क्षेत्रों में मध्य प्रदेश में निवेश की व्यापक संभावनाएं हैं।
रोजगार और औद्योगिक विकास पर सरकार का फोकस
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सरकार निवेश आकर्षित करने के साथ-साथ उद्योगों के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करने पर काम कर रही है। उनका कहना है कि प्रदेश में निवेश बढ़ने से औद्योगिक गतिविधियों को गति मिलेगी और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि मुंबई दौरे के दौरान वे विभिन्न निवेशकों और उद्योग जगत से जुड़े प्रतिनिधियों से मुलाकात करेंगे। इन बैठकों में निवेशकों को मध्य प्रदेश में उपलब्ध औद्योगिक संभावनाओं और निवेश के अवसरों की जानकारी दी जाएगी तथा उन्हें प्रदेश में निवेश के लिए आमंत्रित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार आने वाले समय में भी निवेश और औद्योगिक विकास को प्राथमिकता देते हुए विभिन्न क्षेत्रों में नए अवसर तलाशेगी। सरकार का उद्देश्य निवेश बढ़ाने के साथ युवाओं के लिए रोजगार के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराना और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्य प्रदेश में निवेश के लिए अनुकूल वातावरण तैयार किया जा रहा है और उद्योग, निवेश तथा रोजगार के क्षेत्र में प्रदेश को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए सरकार उद्योग जगत के साथ निरंतर संवाद और समन्वय के साथ आगे बढ़ रही है। मुंबई में निवेशकों के साथ होने वाली बैठकों से प्रदेश में संभावित नए निवेश और औद्योगिक गतिविधियों को गति मिलने की उम्मीद है। वहीं, नाना पाटेकर के निधन पर मुख्यमंत्री ने एक बार फिर अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि भारतीय सिनेमा और कला जगत में अभिनेता का योगदान हमेशा याद किया जाएगा।