भोपाल। वीरांगना रानी अवंतीबाई लोधी की जयंती पर पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने रानी अवंतीबाई लोधी को शौर्य, साहस और पराक्रम की प्रतिमूर्ति बताते हुए उनके संघर्ष और देशभक्ति को याद किया। कमलनाथ ने कहा कि अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ 1857 की क्रांति में रानी अवंती बाई ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
1857 की क्रांति की वीरांगना को किया नमन
पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने अपने संदेश में कहा कि रानी अवंती बाई लोधी ने अंग्रेजी शासन के खिलाफ संघर्ष करते हुए अदम्य साहस का परिचय दिया था। 1857 की क्रांति के दौरान उन्होंने अंग्रेजों के विरुद्ध मोर्चा संभाला और अपने नेतृत्व एवं वीरता से स्वतंत्रता आंदोलन में महत्वपूर्ण योगदान दिया।उन्होंने कहा कि रानी अवंती बाई का संघर्ष देश के इतिहास में साहस और स्वाभिमान की मिसाल के रूप में याद किया जाता है।
पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने रानी अवंती बाई लोधी को शौर्य, साहस और पराक्रम की प्रतिमूर्ति बताते हुए कहा कि उनका जीवन आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणादायी है। उन्होंने कठिन परिस्थितियों में भी अंग्रेजी हुकूमत के सामने झुकने के बजाय संघर्ष का रास्ता चुना।
स्वतंत्रता संग्राम में अहम योगदान
वर्ष 1857 का विद्रोह भारतीय इतिहास में अंग्रेजी शासन के खिलाफ बड़े आंदोलनों में शामिल रहा है। इस दौरान देश के अलग-अलग हिस्सों में कई वीर-वीरांगनाओं ने अंग्रेजों का मुकाबला किया। रानी अवंती बाई लोधी भी इसी संघर्ष की प्रमुख महिला योद्धाओं में शामिल थीं।उन्होंने अपने क्षेत्र में अंग्रेजी सत्ता के खिलाफ संघर्ष का नेतृत्व किया और लोगों को संगठित कर ब्रिटिश शासन का विरोध किया।
रानी अवंतीबाई लोधी की जयंती पर कमलनाथ ने किया नमन
पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने रानी अवंती बाई लोधी की जयंती पर उन्हें शत-शत नमन करते हुए उनके बलिदान और योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि वीरांगना का जीवन साहस, संघर्ष और देशभक्ति का प्रतीक है।उन्होंने रानी अवंती बाई के आदर्शों और उनके संघर्ष को याद करते हुए कहा कि उनके योगदान को देश हमेशा सम्मान के साथ याद करता रहेगा।