नई दिल्ली- पेपर लीक मामलों में फास्ट ट्रैक कोर्ट के गठन की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की घोषणा का केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने जोरदार समर्थन किया है। शाह ने कहा कि युवाओं का हित और उनका उज्ज्वल भविष्य मोदी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता और संकल्प है। उन्होंने कहा कि पेपर लीक जैसे मामलों में त्वरित सुनवाई और दोषियों को कड़ी सजा दिलाने का फैसला युवाओं के भविष्य की रक्षा की दिशा में बड़ा कदम है।
अमित शाह बोले- यह फैसला मील का पत्थर साबित होगा
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा फास्ट ट्रैक कोर्ट के गठन का निर्णय युवाओं के भविष्य को सुरक्षित करने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने लिखा कि पेपर लीक के कारण लाखों मेहनती छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ तेज सुनवाई और कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। शाह ने कहा कि "युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ प्रधानमंत्री का यह फैसला आने वाले समय में मील का पत्थर साबित होगा।"
PM मोदी ने किया था बड़ा ऐलान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को घोषणा की थी कि पेपर लीक के सभी मामलों की सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाए जाएंगे, ताकि दोषियों को जल्द से जल्द सजा मिल सके। उन्होंने कहा कि संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दे दिए गए हैं और सरकार विद्यार्थियों के हितों की रक्षा के लिए लगातार कदम उठा रही है। प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
NDA बैठक में भी दोहराया था सख्त संदेश
इससे पहले 21 जुलाई को हुई एनडीए संसदीय दल की बैठक में भी प्रधानमंत्री मोदी ने पेपर लीक को गंभीर अपराध बताते हुए कहा था कि सरकार ने सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई की। उन्होंने बताया कि मामले में 13 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया और छात्रों का भविष्य प्रभावित न हो, इसलिए दोबारा परीक्षा आयोजित कर समय पर परिणाम भी घोषित किए गए। प्रधानमंत्री ने कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सख्त कानूनी व्यवस्था की जा रही है, ताकि कोई भी परीक्षा प्रणाली से छेड़छाड़ करने की हिम्मत न कर सके।
NEET पेपर लीक को बताया युवाओं का मुद्दा
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि NEET पेपर लीक केवल राजनीतिक मुद्दा नहीं, बल्कि देश के करोड़ों युवाओं और उनके भविष्य से जुड़ा गंभीर विषय है। उन्होंने कहा कि सरकार परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी और विश्वसनीय बनाने के लिए हर जरूरी कदम उठा रही है।