पश्चिम बंगाल की राजनीति में शनिवार को ऐतिहासिक बदलाव देखने को मिला, जब भारतीय जनता पार्टी के नेता सुवेंदु अधिकारी ने राज्य के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। राज्य में पहली बार भाजपा की सरकार बनी है। कोलकाता में आयोजित भव्य समारोह में राज्यपाल आरएन रवि ने सुवेंदु अधिकारी को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। उनके साथ पांच अन्य नेताओं ने भी मंत्री पद की शपथ ग्रहण की।
पीएम मोदी ने दी बधाई
प्रधानमंत्री Narendra Modi ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर सुवेंदु अधिकारी को बधाई देते हुए लिखा कि उन्होंने एक ऐसे जननेता के रूप में पहचान बनाई है, जो लोगों की आकांक्षाओं को करीब से समझते हैं। पीएम मोदी ने उनके सफल कार्यकाल की शुभकामनाएं भी दीं।
धर्मेंद्र प्रधान बोले- बंगाल के लिए ऐतिहासिक क्षण
केंद्रीय शिक्षा मंत्री Dharmendra Pradhan ने भी सुवेंदु अधिकारी को बधाई दी। उन्होंने कहा कि ‘पोचिशे बोइशाख’ के पावन अवसर पर गुरुदेव Rabindranath Tagore को याद करना विशेष महत्व रखता है। उन्होंने कहा कि बंगाल आज अपनी सांस्कृतिक विरासत और नई लोकतांत्रिक आकांक्षाओं के संगम के दौर से गुजर रहा है।
इन नेताओं ने भी ली मंत्री पद की शपथ
सुवेंदु अधिकारी के साथ दिलीप घोष, अग्निमित्रा पॉल, अशोक कीर्तनिया, क्षुदिराम टुडू और निशीथ प्रमाणिक ने मंत्री पद की शपथ ली। शपथ ग्रहण समारोह में भाजपा नेताओं, कार्यकर्ताओं और समर्थकों में उत्साह का माहौल देखने को मिला।
8 मई को चुने गए थे विधायक दल के नेता
भाजपा विधायक दल ने 8 मई को सर्वसम्मति से सुवेंदु अधिकारी को अपना नेता चुना था। इसके बाद उनके मुख्यमंत्री बनने का रास्ता साफ हो गया था। विधानसभा चुनाव में भाजपा ने प्रचंड जीत दर्ज करते हुए पहली बार राज्य की सत्ता हासिल की।
तीन दशक लंबा रहा राजनीतिक सफर
सुवेंदु अधिकारी का राजनीतिक करियर तीन दशक से अधिक पुराना है। उन्होंने 1995 में कांथी नगरपालिका से पार्षद के रूप में राजनीति की शुरुआत की थी। इसके बाद वे तीन बार पार्षद, कांथी नगरपालिका के चेयरमैन, दो बार लोकसभा सांसद और तीन बार विधायक रहे। साथ ही वे पांच वर्षों तक विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की भूमिका भी निभा चुके हैं।