हाथरस। उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को हाथरस में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर तीखा राजनीतिक हमला बोला। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव अयोध्या को धार्मिक नगरी बनाने की बात कर रहे हैं, जबकि उनकी सरकार के समय रामभक्तों पर गोलियां चलाई गई थीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज रामभक्तों के प्रयासों से अयोध्या अपनी भव्य पहचान के साथ विकसित हो रही है।
रामलला के दर्शन करने की दी सलाह
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि अखिलेश यादव को अयोध्या की चिंता छोड़कर आत्ममंथन करना चाहिए। उन्होंने कहा, एक बार रामलला के दर्शन कर लीजिए, सद्बुद्धि आ जाएगी। यदि वास्तव में खुद को धार्मिक साबित करना चाहते हैं तो मथुरा-वृंदावन और श्रीकृष्ण जन्मभूमि के मुद्दे पर भी खुलकर अपनी राय रखें।
सपा सरकार पर साधा निशाना
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी की सरकार के दौरान कृष्ण जन्माष्टमी जैसे धार्मिक आयोजनों पर प्रतिबंध लगाए गए और कांवड़ यात्रा को भी रोका गया। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार ने हाथरस में 22 से अधिक मंदिरों का सौंदर्यीकरण कराया है, जबकि पहले सरकारी धन कब्रिस्तानों की बाउंड्री बनाने में खर्च किया जाता था। उन्होंने दावा किया कि उनकी सरकार ने मंदिरों और धार्मिक स्थलों के विकास को प्राथमिकता दी है।
548 करोड़ की विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ हाथरस में करीब 548 करोड़ रुपये की लागत वाली 143 विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास कार्यक्रम में शामिल हुए थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जनता को बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार कार्य कर रही है।
अखिलेश यादव का भी आया जवाब
मुख्यमंत्री के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि केदारेश्वर धाम में शिव मंदिर का निर्माण पूरा होने के बाद वह अयोध्या जाकर रामलला के दर्शन करेंगे।