लखनऊ - कल यानी शुक्रवार को लोकसभा में महिला आरक्षण बिल गिर गया। इसके साथ ही परिसीमन बिल भी पास नहीं हो सका। इसे लेकर भारतीय जनता पार्टी का विरोध प्रदर्शन जारी है। इसी क्रम में यूपी की राजधानी लखनऊ में उत्तर प्रदेश महिला आयोग की उपाध्यक्ष और बीजेपी नेता अपर्णा यादव ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला और इसे महिलाओं के सम्मान के खिलाफ बताया।
अपर्णा यादव ने सपा-कांग्रेस का जलाया झंड़ा
उत्तर प्रदेश महिला आयोग की उपाध्यक्ष और बीजेपी नेता अपर्णा यादव ने लखनऊ विधानसभा के बाहर प्रदर्शन किया और समाजवादी पार्टी और कांग्रेस का झंड़ा भी जलाया। इसके अलावा अपर्णा यादव ने सोशल मीडिया साइट इंस्टाग्राम पर पोस्ट कर लिखा है कि, आज इस अंधेरी रात में मैं इन दुर्योधन और दुश्शासन रूपी राजनैतिक पार्टियों का झंडा जला कर सम्पूर्ण भारतीय नारी शक्ति की अस्मिता की ज्योति जलाने आई हूँ।
देश महिला विरोधी ताकतों का सर कुचल कर रहेगा
सोशल मीडिया साइट इंस्टाग्राम पर पोस्ट बीजेपी नेत्री ने आगे लिखा है कि, एक नारी होकर अगर आज मैं चुप रह जाती तो मेरी अंतरात्मा मुझे कभी माफ नहीं करती। इस प्रदर्शन के माध्यम से आज मैं इन विधर्मियों को बताने आयी हूँ कि भारतीय नारी के अधिकारों का विरोध इनको इनके सम्पूर्ण नाश से चुकाना होगा। उन्होंने आगे अपनी पोस्ट में लिखा है कि, देश की मात्र शक्ति और सारा देश इन कलयुगी दुश्शाशनों को को कभी माफ नहीं करेगा। जिस देश के बेटे कारगिल की बर्फीली चोटियों पर दुर्गा माता की जय बोल कर मौत से भी लड़ जाते हैं, वो देश इन महिला विरोधी ताकतों का सर कुचल कर रहेगा।
1996, 1998 और 2003 में महिला आरक्षण को रोका गया था
महिला आयोग की उपाध्यक्ष अपर्णा यादव ने आगे कहा है कि, यह पहली बार नहीं है जब ऐसा हुआ है। इससे पहले भी साल 1996, 1998 और 2003 में महिला आरक्षण से जुड़े प्रयासों को रोका गया था और अब 2026 में फिर वही स्थिति देखने को मिली है। भारतीय जनता पार्टी की सीनियर नेत्री ने आगे आरोप लगाया है कि, विपक्ष महिलाओं को आगे बढ़ते हुए नहीं देखना चाहता, खासकर साधारण परिवारों से आने वाली महिलाओं को. उनके अनुसार, विपक्ष सिर्फ अपने परिवारों के लोगों को ही आगे बढ़ाने में विश्वास रखता है।
महिलाओं का सम्मान नहीं करता विपक्ष
उन्होंने आगे अपने बयान में कहा कि, देश की महिलाएं इस रवैये को कभी माफ नहीं करेंगी। यह महिलाओं के अधिकारों और उनके सम्मान के खिलाफ एक बड़ा कदम है। बीजेपी नेत्री ने इस मुद्दे को गंभीर बताते हुए कहा कि, यह सोच समाज के लिए खतरनाक है। इसी के विरोध में लखनऊ में प्रदर्शन करने पहुंचीं। यूपी महिला आयोग की उपाध्यक्ष ने कहा कि, यह एक 'काली रात' है, जो महिलाओं के सम्मान पर चोट करती है। अपर्णा यादव ने विरोध जताते हुए विपक्ष की सोच की तुलना महाभारत के पात्र दुर्योधन और दुशासन से की। उनका कहना था कि जिस तरह महाभारत में महिलाओं का अपमान हुआ था, उसी तरह की मानसिकता आज भी कुछ लोगों में दिखाई दे रही है।
अपर्णा यादव ने कार्यकर्ताओं संग जलाए झंडे
इस प्रदर्शन के दौरान यूपी महिला आयोग की उपाध्यक्ष और भारतीय जनता पार्टी की सीनियर नेत्री अपर्णा यादव ने कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर विपक्षी दलों के झंडे भी जलाए और महिलाओं के सम्मान की रक्षा के लिए मशाल जलाई। इस दौरान उन्होंने कहा कि. यह विरोध केवल एक बिल के लिए नहीं, बल्कि महिलाओं के अधिकार और सम्मान के लिए है।