कोलकाता: पश्चिम बंगाल के बारुईपुर में 15 वर्षीय किशोर प्रसेंजित विश्वास की हत्या ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। शुरुआती जांच के मुताबिक, फुटबॉल खेलने के दौरान हुए विवाद के बाद किशोर पर धारदार हथियार से हमला किया गया, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी देखी गई।
मुख्यमंत्री ने परिजनों से मिलकर दिया सख्त कार्रवाई का भरोसा
मंगलवार को मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने बारुईपुर पुलिस अधीक्षक कार्यालय में मृतक के परिवार से मुलाकात की। उन्होंने परिजनों को भरोसा दिलाया कि मामले में किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के तहत सख्त से सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। परिवार ने भी मुख्यमंत्री के आश्वासन पर न्याय मिलने की उम्मीद जताई।
पांच नाबालिग आरोपी गिरफ्तार, हत्या का केस दर्ज
बारुईपुर पुलिस ने मृतक के परिवार की शिकायत के आधार पर हत्या का मामला दर्ज करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार सभी आरोपी नाबालिग हैं, इसलिए उन्हें किशोर न्याय अधिनियम के तहत जुवेनाइल होम भेजा जाएगा। मामले की हर पहलू से जांच जारी है।
आर्थिक तंगी के बावजूद फुटबॉल था प्रसेंजित का सपना
स्थानीय लोगों के अनुसार, प्रसेंजित विश्वास ने आर्थिक परेशानियों के कारण नौवीं कक्षा के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। उसके पिता वैन चालक हैं और परिवार का भरण-पोषण बड़ी मुश्किल से करते हैं। इसके बावजूद प्रसेंजित फुटबॉल का अच्छा खिलाड़ी था और खेल के प्रति उसका गहरा लगाव था।
हत्या के बाद प्रदर्शन, पुलिस कैंप में तोड़फोड़
घटना के बाद गुस्साए लोगों ने बारुईपुर महकमा अस्पताल के बाहर सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान अस्पताल परिसर स्थित पुलिस कैंप में तोड़फोड़ भी की गई। पुलिस ने जब पांचों आरोपियों की गिरफ्तारी की जानकारी दी, तब जाकर लोगों का प्रदर्शन शांत हुआ।
फुटबॉल विवाद या पुरानी रंजिश? जांच में जुटी पुलिस
पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हत्या केवल फुटबॉल खेलने के विवाद का नतीजा थी या फिर ट्यूशन को लेकर दो समूहों के बीच पहले से चल रहे विवाद का भी इससे संबंध है। जांच पूरी होने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की तस्वीर साफ हो सकेगी।