काठमांडू / कोलकाता: नेपाल के रसुवा जिले में भोटेकोशी नदी में आई भीषण बाढ़ और ग्लेशियर फटने से मची तबाही के बीच जाने-माने बंगाली अभिनेता खराज मुखर्जी अपनी पत्नी और क्रू के साथ पोखरा में फंसे हुए हैं। हालांकि, वे दुर्घटनास्थल से काफी दूर हैं और पूरी तरह सुरक्षित हैं। इस बीच, नेपाल पर्यटन बोर्ड के आंकड़ों के अनुसार, आपदा के बाद से 105 भारतीय नागरिकों समेत कम से कम 384 पर्यटक लापता हैं।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नेपाल में आई इस भीषण आपदा पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए नेपाल के प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह से फोन पर बात की है और भारत की ओर से हर संभव राहत व बचाव सहायता का आश्वासन दिया है।
पोखरा में शूटिंग कर रहे थे खराज मुखर्जी, सड़क मार्ग से लौटने की तैयारी
अभिनेता खराज मुखर्जी के बेटे बिहू मुखर्जी ने बताया कि उनके पिता और मां फिल्म की शूटिंग के सिलसिले में पोखरा में थे। लगातार बारिश के कारण शूटिंग कई बार बाधित हुई, लेकिन वे दोनों और पूरी शूटिंग टीम सुरक्षित स्थान पर हैं।खराब मौसम के कारण हवाई सेवाएं प्रभावित होने की वजह से खराज मुखर्जी और उनका दल उत्तर प्रदेश के गोरखपुर के रास्ते सड़क मार्ग से भारत वापस लौटने की योजना बना रहा है।
105 भारतीयों समेत 384 पर्यटक लापता, पुलिसकर्मी भी गायब
नेपाल पर्यटन बोर्ड द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से कम से कम 384 पर्यटक लापता हैं। इनमें 291 विदेशी नागरिक और 93 नेपाली नागरिक शामिल हैं। लापता विदेशी नागरिकों में 105 भारतीय नागरिक बताए जा रहे हैं।इसके अतिरिक्त, आपदा की चपेट में आने से रसुवा जिले में नेपाल पुलिस के 26 अधिकारी और नेपाली अर्धसैनिक बल (APF) के कम से कम 7 जवान भी लापता हैं, जिनकी तलाश में राहत और बचाव दल लगातार जुटे हुए हैं।
तिब्बत से आया पानी या ग्लेशियर लेक आउटबर्स्ट?
चीनी समाचार एजेंसी 'सिन्हुआ' के अनुसार, तिब्बत के गाइरोंग प्रांत सहित कई इलाके भी इस अचानक आई बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। नेपाल के बाढ पूर्वानुमान विभाग ने स्पष्ट किया है कि रसुवा में केवल स्थानीय बारिश से ऐसी भीषण आपदा की संभावना कम है।अधिकारियों को संदेह है कि तिब्बत में ग्लेशियर की झील फटने (Glacial Lake Outburst Flood) या ग्लेशियर टूटने से निकला पानी और मलबा भोटेकोशी नदी में अचानक उफना आया, जिसने रसुवा जिले में भारी तबाही मचाई।
त्रिशूली नदी के किनारे अलर्ट जारी
काठमांडू से लगभग 125 किलोमीटर दूर स्थित रसुवा जिले में भोटेकोशी नदी के उफान के बाद अब निचले इलाकों में खतरा बढ़ गया है। नेपाल प्रशासन ने मुगलीन क्षेत्र सहित त्रिशूली नदी के तटीय इलाकों में रहने वाले निवासियों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के निर्देश दिए हैं और हाई अलर्ट जारी कर दिया है।