कोलकाता: देश विभाजन की स्मृतियों को लेकर केंद्रीय मंत्री डॉ. सुकांत मजूमदार ने आज के दिन को नई सोच और नए संकल्प के साथ देखने की अपील की। उन्होंने विभाजन की पीड़ा का जिक्र करते हुए कहा कि उस दौर की कड़वी यादों को पीछे छोड़कर नए भारत के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए।
विभाजन के दौर का किया जिक्र
सुकांत मजूमदार ने कहा कि विभाजन के समय गोपाल पाठा को मैदान में उतरना पड़ा था। उन्होंने कहा कि देश के इतिहास के उस काले अध्याय को अब सकारात्मक बदलाव के प्रतीक में बदलने की जरूरत है। इसी संदर्भ में उन्होंने आज के दिन को ‘आयुष्मान दिवस’ के रूप में मनाने की बात कही।
सहवाग के अंदाज में सरकार पर तंज
सुकांत मजूमदार ने राज्य की मौजूदा राजनीतिक स्थिति को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने क्रिकेटर वीरेंद्र सहवाग का उदाहरण देते हुए कहा कि राज्य सरकार सहवाग की तरह आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करती जा रही है। उनके बयान को राज्य की राजनीतिक गतिविधियों पर कटाक्ष के तौर पर देखा जा रहा है।
‘सुदृष्टि’ योजना की शुरुआत
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने ‘सुदृष्टि’ योजना की शुरुआत की है। इसके तहत जरूरतमंद लोगों को मुफ्त मोतियाबिंद ऑपरेशन और चश्मे की सुविधा दी जाएगी। वहीं, छह वर्ष से कम उम्र के बच्चों के लिए भी मुफ्त आंखों के इलाज की व्यवस्था की जाएगी। योजना का उद्देश्य लोगों तक बेहतर नेत्र चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाना है।
बंगाल में खुलेंगे 458 नए जन औषधि केंद्र
आम लोगों को कम कीमत पर गुणवत्तापूर्ण दवाएं और चिकित्सा उपकरण उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। प्रधानमंत्री जन औषधि योजना के तहत पश्चिम बंगाल में 458 नए जन औषधि केंद्र खोलने की पहल की जा रही है।
दवाओं पर मिल सकती है 80% तक की बचत
इस पहल के लिए राज्य सरकार और फार्मास्यूटिकल्स एंड मेडिकल डिवाइसेस ब्यूरो ऑफ इंडिया (PMBI) के बीच MoU पर हस्ताक्षर किए गए हैं। जन औषधि केंद्रों पर ब्रांडेड दवाओं की तुलना में कम कीमत पर जेनेरिक दवाएं उपलब्ध कराई जाती हैं। संबंधित अधिकारियों के अनुसार, कई दवाओं और चिकित्सा सामग्रियों पर 80 प्रतिशत तक की बचत संभव है। इससे आम लोगों के इलाज और दवाओं पर होने वाले खर्च को कम करने में मदद मिलने की उम्मीद है।