कोलकाता: पश्चिम बंगाल में दुर्गापूजा के बाद नगर निकाय चुनाव कराए जाने की अटकलों के बीच राज्य निर्वाचन आयोग ने तैयारियां तेज कर दी हैं। चुनावी प्रक्रिया को लेकर आयोग बुधवार को विभिन्न जिलों के जिलाधिकारियों के साथ अहम बैठक करने जा रहा है। इस बैठक में चुनाव से जुड़ी तैयारियों और प्रशासनिक व्यवस्थाओं की समीक्षा की जाएगी।
जिलाधिकारियों से चुनावी तैयारियों का लिया जाएगा जायजा
राज्य निर्वाचन आयोग की बैठक में उन इलाकों को लेकर चर्चा होगी, जहां आगामी समय में नगर निकाय चुनाव प्रस्तावित हैं। जिलाधिकारियों से स्थानीय स्तर पर चुनाव की तैयारियों, मतदान केंद्रों और अन्य जरूरी व्यवस्थाओं की जानकारी ली जाएगी। आयोग इस बैठक के जरिए जमीनी स्थिति का आकलन कर आगे की रणनीति तैयार करेगा।
ईवीएम की उपलब्धता पर भी रहेगा फोकस
नगर निकाय चुनाव की तैयारियों में ईवीएम की उपलब्धता भी अहम मुद्दा बनी हुई है। पर्याप्त संख्या में ईवीएम उपलब्ध कराने को लेकर राज्य निर्वाचन आयोग पहले ही कलकत्ता हाई कोर्ट का रुख कर चुका है। चुनाव आयोग यह सुनिश्चित करना चाहता है कि मतदान के लिए आवश्यक मशीनों की पर्याप्त व्यवस्था समय रहते हो सके।
कोलकाता में बढ़े वार्ड, बदलेगी चुनावी तस्वीर
इस बार कोलकाता नगर निगम चुनाव में परिसीमन के बाद बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। कोलकाता में वार्डों की संख्या 144 से बढ़कर 209 हो गई है। ऐसे में नए वार्डों के अनुसार मतदाता सूची, मतदान केंद्र और चुनावी व्यवस्थाओं को भी नए सिरे से तैयार करना होगा।
हावड़ा में भी वार्डों की संख्या बढ़ी
कोलकाता के साथ हावड़ा नगर निगम के चुनावी नक्शे में भी बदलाव हुआ है। हावड़ा में वार्डों की संख्या 50 से बढ़ाकर 68 कर दी गई है। दोनों नगर निगमों में बदले हुए परिसीमन के आधार पर चुनाव कराने के लिए आयोग के सामने अतिरिक्त तैयारियां करने की चुनौती होगी।
पूजा के बाद चुनावी माहौल गरमाने के आसार
फिलहाल राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से नगर निकाय चुनाव की आधिकारिक तारीख घोषित नहीं की गई है। हालांकि, जिलाधिकारियों के साथ बैठक और चुनावी तैयारियों को गति मिलने से यह संकेत जरूर मिल रहे हैं कि दुर्गापूजा के बाद बंगाल में निकाय चुनाव को लेकर गतिविधियां तेज हो सकती हैं। अब सभी की नजर आयोग की आगामी तैयारियों और चुनाव कार्यक्रम की घोषणा पर रहेगी।