मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि वर्तमान और भावी पीढ़ी को अपने गौरवशाली अतीत से जोड़ना और उन्हें अपनी समृद्ध सांस्कृतिक चेतना को जानने का सजीव अवसर प्रदान करना आवश्यक है। प्रदेश के नगरों के मुख्य प्रवेश मार्गों पर महापुरूषों की स्मृति में बन रहे सांस्कृतिक द्वार इस दिशा में प्रभावी भूमिका निभाएंगे। गौरवशाली अतीत से प्रेरणा लेकर युवा पीढ़ी के उज्जवल भविष्य निर्माण के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। राजा भोज सहित अन्य महापुरूषों के गौरवशाली इतिहास को पाठ्यक्रमों में शामिल किया गया है। मुख्यमंत्रो डॉ. मोहन यादव भोपाल में नर्मदापुरम मार्ग पर समरधा में निर्मित होने वाले भोज-नर्मदा द्वार के भूमि-पूजन अवसर पर उपस्थित जनसमुदाय को संबोधित कर रहे थे।
भोपाल नगर निगम ने नीमच में स्थापित किया 10 मेगावाट का सौर ऊर्जा संयंत्र
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भोपाल नगर निगम द्वारा नीमच में स्थापित 10 मेगावाट सौर ऊर्जा संयंत्र का इस कार्यक्रम से वर्चुअल लोकार्पण भी किया।
भोपाल के प्रमुख प्रवेश मार्गों पर बनेंगे 9 द्वार
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि भोपाल प्रदेश की राजधानी है। यहां प्रदेश के विभिन्न अंचलों की संस्कृति और इतिहास को अभिव्यक्ती प्रदान की जाएगी। भोपाल के प्रमुख प्रवेश मार्गों पर निर्मित होने वाले 9 द्वारों पर माँ नर्मदा के तट पर विद्यमान प्रमुख तीर्थों सहित सभी महत्वपूर्ण ऐतिहासिक, सांस्कृतिक संदर्भ उकेरे जाएंगे। उज्जैन में निर्मित महामृत्युंजय द्वार, विभिन्न काल में उज्जैन के इतिहास और प्रमुख घटनाओं को अभिव्यक्त करता है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राजा भोज की प्रतिभा, योग्यता और पराक्रम पर विस्तार से प्रकाश डाला।
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